'राष्ट्रपति शासन से बचने के लिए गठबंधन सहयोगियों को टीवेके का समर्थन करने दिया', एमके स्टालिन का बड़ा खुलासा
द्रमुक प्रमुख एम.के. स्टालिन ने शनिवार को दावा किया कि उनकी पार्टी ने गठबंधन सहयोगियों को सरकार बनाने में टीवीके ...और पढ़ें

स्टालिन बोले- राष्ट्रपति शासन टालने के लिए गठबंधन दलों को दी TVK के साथ जाने की छूट
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स्टालिन बोले- राष्ट्रपति शासन टालने के लिए गठबंधन दलों को दी TVK के साथ जाने की छूट
राष्ट्रपति शासन के खतरे को भांपकर सहयोगियों को दिया टीवीके के समर्थन का विकल्प
पीटीआई, चेन्नई। द्रमुक प्रमुख एम.के. स्टालिन ने शनिवार को दावा किया कि उनकी पार्टी ने गठबंधन सहयोगियों को सरकार बनाने में टीवीके का समर्थन करने की इजाजत सिर्फ इसलिए दी थी ताकि राज्य में राष्ट्रपति शासन न लगे।
यहां आयोजित एक कार्यक्रम में द्रमुक में शामिल होने वाले अन्नाद्रमुक कार्यकर्ताओं का स्वागत करते हुए स्टालिन ने कहा, "जब गठबंधन पार्टियों ने मुझे अपनी योजनाओं के बारे में बताया, तो मैंने उनसे कहा, आप जा सकते हैं, यह आपकी पसंद और आपका लोकतांत्रिक अधिकार है, मैं आपको नहीं रोकूंगा। मैंने उन्हें सिर्फ इसलिए जाने दिया ताकि राज्य में राष्ट्रपति शासन न लगे, जिससे तमिलनाडु में भाजपा के शासन का रास्ता खुल सकता था।"
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा, "आज यह सरकार उन पार्टियों के समर्थन से चल रही है, जो हमारे गठबंधन का हिस्सा थीं। ऐसी पार्टियां जो हमारे साथ इसलिए जुड़ी थीं क्योंकि उनका मानना था कि द्रमुक को सत्ता में आना चाहिए।"
स्टालिन ने कहा कि गठबंधन पार्टियों के नेताओं ने खुद कई जगहों पर कहा है कि उन्होंने सरकार बनाने के लिए टीवीके को समर्थन देने के बारे में द्रमुक अध्यक्ष को सूचित किया था।
वहीं कार्यक्रम के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री ने अपने कार्यकर्ताओं से इस सरकार को सत्ता से बेदखल करने की दिशा में काम करने का संकल्प लेने को कहा है।
