जागरण संवाददाता, राउरकेला : सुंदरगढ़ के अतिरिक्त जिलापाल को जान से मारने की धमकी दी गई है। दुकान के विवाद को लेकर थाने में दर्ज मामले को लेकर आरोपित के घर पुलिस के साथ गए मजिस्ट्रेट पर परिवार के सदस्यों ने हमला किया था।

मंसूर अली नाम के एक व्यक्ति ने इंद्रमणि खूंटिया की एक दुकान को किराए पर लेकर वहां पर चप्पल की दुकान खोली थी। दोनों के बीच हुए विवाद के परिणामस्वरूप, मंसूर अली अपनी दुकान को खाली कर दूसरी जगह जाना चाहता था। लेकिन इंद्रमणि के परिवार ने दुकान में ताला जड़ दिया था। इस पर मंसूर द्वारा टाउन थाने में शिकायत दर्ज कराने के बाद, पुलिस कई बार घटनास्थल जाकर इंद्रमणि से चाबी लेकर दुकान खोलने का प्रयास किया था। लेकिन इंद्रमणि और उनके परिवार के सदस्य पुलिस के हाथ नहीं आ रहे थे। इस कारण पुलिस ने गुरुवार को दुकान का ताल तोड़ने का फैसला लिया था। जिसके बाद अतिरिक्त जिलापाल सारिका रानी धामेल पुलिस बल के साथ कार्यकारी मजिस्ट्रेट के रूप में मौके पर गई। उसी समय इंद्रमणि खुंटिया और उनके परिवार की दो महिलाएं रुक्मिणी खुंटिया और ज्योति खुंटिया ने मजिस्ट्रेट सारिका रानी धामेल के साथ मारपीट की और उन्हें जान से मारने की धमकी दी। मजिस्ट्रेट धामेल ने इस संबंध में टाउन थाने में शिकायत दर्ज कराने के बाद पुलिस ने इंद्रमणि खुंटिया, रुक्मिणी और ज्योति को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है।

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस