वेदांत समूह में नई पीढ़ी का नेतृत्व, प्रिया अग्रवाल हेब्बर संभालेंगी बड़ी जिम्मेदारी; अगले 200 वर्ष की तैयारी
अनिल अग्रवाल ने भुवनेश्वर में बताया कि वेदांत समूह को जल्द ही युवा नेतृत्व मिलेगा, जिसमें उनकी बेटी प्रिया अग्रवाल ...और पढ़ें

भुवनेश्वर में बोले अनिल अग्रवाल ने ओडिशा से जुड़ी अपनी यात्रा सुनाई।
HighLights
वेदांत समूह को जल्द मिलेगा नया युवा नेतृत्व।
अनिल अग्रवाल की बेटी प्रिया अग्रवाल हेब्बर होंगी उत्तराधिकारी।
वेदांत अगले 200 वर्षों तक देश की प्रगति में योगदान देगा।
जागरण संवाददाता, भुवनेश्वर। वेदांत समूह के चेयरमैन अनिल अग्रवाल ने भुवनेश्वर में आयोजित एक पत्रकार वार्ता में समूह के भविष्य को लेकर महत्वपूर्ण संकेत देते हुए कहा कि वेदांत को जल्द ही नया और युवा नेतृत्व मिलने जा रहा है। उन्होंने अपनी एकमात्र बेटी प्रिया अग्रवाल हेब्बर को अपना उत्तराधिकारी बताते हुए कहा कि वह बहुत जल्द लोगों के बीच अधिक सक्रिय भूमिका में नजर आएंगी।
हालांकि उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि प्रिया को कौन-सी जिम्मेदारी सौंपी जाएगी, लेकिन उनके इस बयान को समूह में नेतृत्व हस्तांतरण की दिशा में एक बड़े संकेत के रूप में देखा जा रहा है।
पत्रकारों से बातचीत में अग्रवाल ने कहा कि वेदांत समूह केवल वर्तमान के लिए नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए काम कर रहा है। उन्होंने विश्वास जताया कि अगले 200 वर्षों तक भी वेदांत देश की प्रगति और विकास में अपना योगदान देता रहेगा।
उनके अनुसार, समूह का उद्देश्य केवल उद्योग स्थापित करना नहीं, बल्कि रोजगार सृजन, सामाजिक विकास और राष्ट्रीय आर्थिक प्रगति में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करना है। इस दौरान अग्रवाल ने अपने संघर्ष और कारोबारी सफर के कई दिलचस्प पहलुओं को भी साझा किया।
उन्होंने बताया कि मात्र 19 वर्ष की उम्र में वह अपने सपनों को लेकर बाम्बे (अब मुंबई) पहुंचे थे। सीमित संसाधनों और अनेक चुनौतियों के बीच उन्होंने व्यापार की शुरुआत की। धीरे-धीरे कारोबार का विस्तार हुआ और फिर 1990 के दशक में अमेरिका तथा लंदन की यात्राओं ने उन्हें वैश्विक स्तर पर व्यापार की नई संभावनाओं से परिचित कराया।
ओडिशा से अपने जुड़ाव का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि जब वे पहली बार राज्य आए थे, तब यहां औद्योगिक विकास की संभावनाएं तो थीं, लेकिन चुनौतियां भी कम नहीं थीं। समय के साथ वेदांत और ओडिशा दोनों ने विकास की लंबी यात्रा तय की है। उन्होंने कहा कि आज ओडिशा देश के औद्योगिक मानचित्र पर तेजी से उभर रहा है और वेदांत इस परिवर्तन का भागीदार होने पर गर्व महसूस करता है।
अग्रवाल ने कहा कि किसी भी संस्था की स्थिरता उसके नेतृत्व की निरंतरता पर निर्भर करती है। इसलिए नई पीढ़ी को जिम्मेदारी सौंपना समय की मांग है। उन्होंने प्रिया अग्रवाल हेब्बर की क्षमताओं पर भरोसा जताते हुए कहा कि युवा नेतृत्व नए विचारों और नई ऊर्जा के साथ संस्थान को आगे बढ़ाता है।
वेदांत समूह फिलहाल धातु, खनन, ऊर्जा, तेल एवं गैस समेत कई क्षेत्रों में कार्यरत है। ओडिशा में भी समूह के बड़े निवेश हैं और कंपनी राज्य में उद्योग, शिक्षा, स्वास्थ्य तथा सामुदायिक विकास के विभिन्न कार्यक्रमों से जुड़ी हुई है। अग्रवाल ने कहा कि आने वाले वर्षों में भी ओडिशा समूह की विकास यात्रा का महत्वपूर्ण केंद्र बना रहेगा।
इसी वर्ष जनवरी में अपने भाई अग्निवेश अग्रवाल के असामयिक निधन के गहरे पारिवारिक सदमे के बाद, प्रिया जिस मजबूती के साथ अपने पिता के साथ खड़ी हैं और इस विशाल विरासत को संभाल रही हैं, वह काबिल-ए-तारीफ है। दुख की इस घड़ी में वह न सिर्फ अपने पिता का सबसे बड़ा सहारा बनी हैं, बल्कि वेदांता के इस विशाल साम्राज्य को एक आधुनिक और जिम्मेदार भविष्य की ओर भी ले जा रही हैं।
