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पंचायत चुनाव से पहले कांग्रेस की तैयारी: 2 अक्टूबर से पदयात्रा, राहुल-प्रियंका आएंगे ओडिशा

Published: Tue, 15 Sep 2026 04:29 PM (IST)

कांग्रेस ओडिशा में आगामी पंचायत चुनावों के लिए संगठन को मजबूत करने की व्यापक रणनीति बना रही है। 2 अक्टूबर ...और पढ़ें

पंचायत चुनाव से पहले कांग्रेस की तैयारी: 2 अक्टूबर से पदयात्रा, राहुल-प्रियंका आएंगे ओडिशा (PTI)

पंचायत चुनाव से पहले कांग्रेस की तैयारी: 2 अक्टूबर से पदयात्रा, राहुल-प्रियंका आएंगे ओडिशा (PTI)

HighLights

  1. कांग्रेस ओडिशा में पंचायत चुनाव के लिए संगठन मजबूत कर रही है।

  2. 2 अक्टूबर से नवरंगपुर से राज्यव्यापी पदयात्रा शुरू होगी।

  3. राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और सिद्धारमैया ओडिशा का दौरा करेंगे।

जागरण संवाददाता, भुवनेश्वर। आगामी पंचायत चुनाव को ध्यान में रखते हुए ओडिशा में संगठन को मजबूत बनाने के लिए कांग्रेस ने व्यापक रणनीति तैयार की है। पार्टी की ओर से राज्यभर में कई बड़े और लंबी अवधि के कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इसी क्रम में गांधी जयंती 2 अक्टूबर से नवरंगपुर से कांग्रेस की पदयात्रा शुरू होगी।

प्रदेश कांग्रेस कमेटी (पीसीसी) अध्यक्ष भक्त चरण दास ने मीडिया को बताया कि 2 अक्टूबर से शुरू होने वाली इस पदयात्रा के माध्यम से पूरे राज्य में ब्लॉक घेराव कार्यक्रम चलाया जाएगा। इस अभियान में कांग्रेस के प्रत्येक कार्यकर्ता को शामिल किया जाएगा। कार्यक्रम की निगरानी के लिए एक अलग समिति का गठन भी किया गया है।

उन्होंने कहा कि नई पीढ़ी (जेन-ज़ी) से जुड़े विभिन्न मुद्दों को लेकर भुवनेश्वर में एक बड़े कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। आगामी अक्टूबर माह में राज्य में ‘छात्र की गूंज’ कार्यक्रम आयोजित होगा, जिसमें करीब 20 हजार युवाओं के शामिल होने का लक्ष्य रखा गया है।

ओडिशा दौरे पर आएंगे केंद्रीय नेता

इन बड़े आंदोलनों और कार्यक्रमों में भाग लेने के लिए कांग्रेस नेता राहुल गांधी अक्टूबर में ओडिशा का दौरा करेंगे।

इसके अलावा जनवरी और फरवरी के बीच राहुल गांधी, प्रियंका गांधी तथा कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया भी ओडिशा आएंगे और विभिन्न संगठनात्मक तथा राजनीतिक कार्यक्रमों में हिस्सा लेकर पार्टी गतिविधियों का नेतृत्व करेंगे।

इन नेताओं की मौजूदगी में बड़ी जनसभाएं और संगठनात्मक बैठकें आयोजित करने की तैयारी की जा रही है।

राजनीतिक जानकारों का मानना है कि पंचायत चुनाव से पहले कांग्रेस संगठन को सक्रिय करने और कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा भरने के उद्देश्य से यह अभियान शुरू कर रही है। भाजपा और बीजद के बीच सिमटी राज्य की राजनीति में अपनी मौजूदगी मजबूत करने के लिए कांग्रेस अब जमीनी स्तर पर सक्रियता बढ़ाने की रणनीति पर काम कर रही है