सियोल, एएफपी। अदालत से गिरफ्तारी आदेश जारी होने के बाद दक्षिण कोरिया की अपदस्थ राष्ट्रपति पार्क ग्यून-ही को हिरासत में ले लिया गया। भ्रष्टाचार और सत्ता के दुरुपयोग का सामना कर रही पूर्व राष्ट्रपति को गुरुवार देर रात हिरासत में लिए जाने के बाद शुक्रवार को उनके विरोधी खुशी मना रहे हैं। समर्थकों ने रिहा करने की मांग करते हुए प्रदर्शन किया।

अभियोजकों ने अभी तक पार्क के खिलाफ औपचारिक आरोप तय नहीं किए हैं। अभियोजकों ने रिश्वत लेने, अधिकार का दुरुपयोग करने और सरकारी गोपनीयता भंग करने का संदेह जाहिर किया है।

अदालत ने कहा है, 'गिरफ्तारी के लिए न्यायसंगत आरोप अनिवार्य है। आशंका है कि सुबूत नष्ट कर दिए गए होंगे।' एशिया की चौथी बड़ी अर्थव्यवस्था दक्षिण कोरिया में पार्क ऐसी तीसरी पूर्व नेता हैं जिन्हें भ्रष्टाचार के मामले में गिरफ्तार किया जा सकता है। उनके मामले में नेताओं के साथ ही सैमसंग जैसे बड़े कारोबारी घराने भी फंसे हैं। दक्षिण कोरिया की पहली महिला राष्ट्रपति के जीवन में यह नाटकीय मोड़ माना जा रहा है।

घटनाक्रम

31 अक्टूबर 2016: पार्क की अभिन्न सहेली चोई सुन-सिल को अभियोजकों ने गिरफ्तार किया।

20 नवंबर 2016: अभियोजकों ने चोई पर सत्ता का दुरुपयोग करने और जालसाजी का प्रयास करने का आरोप लगाया।

9 दिसंबर 2016: संसद ने पार्क के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव पारित किया। अधिकार छीना गया और मामला संविधान अदालत में भेजा गया।

17 फरवरी 2017: सैमसंग समूह के प्रमुख जाय वाई ली गिरफ्तार। सैमसंग प्रमुख ने सरकारी समर्थन हासिल करने के लिए चोई को रिश्वत दी थी।

10 मार्च 2017: संविधान अदालत ने महाभियोग को वैध ठहराया। राष्ट्रपति पद से अपदस्थ हुई पार्क।

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Posted By: Suchi Sinha