संस, हाथरस : रबी की फसल की बोआई शुरू हो गई है। किसानों को अनुदान पर बीज व खाद उपलब्ध कराने के लिए रविवार को भी सरकारी बीज केंद्रों को खोला गया। जिले में रविवार को 180 क्विटल बीज की बिक्री हुई।

बारिश होने से खेतों में बनी नमी फसलों की बोआई के लिए लाभदायक है। इसीलिए किसानों द्वारा खेतों में रबी की फसलों में गेहूं, मटर, चना, सरसों आदि की बोआई की जा रही है। बाजारों में खाद व बीज के लिए किसान भटक रहे हैं। महंगा होने के बावजूद बाजार में गुणवत्तायुक्त बीज व असली रसायन मिलने की कोई गारंटी नहीं है। दिन-रात मेहनत करने के बाद भी उसका फल नहीं मिलने से अन्नदाता परेशान हैं।

बोआई के सीजन में किसानों को गुणवत्तापरक बीज व रसायन उपलब्ध कराने के लिए अवकाश में भी सरकारी बीज विक्रय केंद्र व कृषि रक्षा इकाइयों को खोला जा रहा है। जिले के सातों ब्लॉकों में बीज केंद्र व कृषि रक्षा इकाइयों की संख्या 14 है।

कम पहुंचे किसान : बाजारों में गेहूं का बीज 2200 रुपये प्रति क्विटल है। वहीं बीज केंद्रों पर इसी बीज की कीमत 3580 रुपये प्रति क्विटल है। इसीलिए किसान सरकारी केंद्रों की अपेक्षा बाजार को वरीयता दे रहे हैं। रविवार को मात्र 180 क्विटल बीज व 61 किलोग्राम रसायन की बिक्री हुई।

सातों ब्लॉकों में एक-एक बीज केंद्र व कृषि रक्षा इकाई बनाई गई हैं। जानकारी के अभाव में किसान यहां नहीं पहुंच रहे थे। हतीसा स्थित किसान कल्याण केंद्र पर पूरे दिन में दो किसानों ने मात्र दो क्विटल गेहूं का बीज खरीदा।

इनका कहना है

जिले में 14 केंद्रों पर 50 फीसद गेहूं के बीज व 75 फीसद रसायन पर अनुदान दिया जा रहा है। केंद्रों पर अधिकारियों द्वारा निरीक्षण भी किया गया।

यतेंद्र सिंह, जिला कृषि रक्षा अधिकारी

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस