वाराणसी, जेएनएन। बीएचयू के सिंह द्वार पर बुधवार को तीसरे दिन भी धरना जारी रहा। दोनों मिनी गेट मंगलवार देर रात खोल दिये गए, जो कि सुबह भी खुले रहे। बुधवार की सुबह करीब साढ़े आठ बजे चीफ प्राक्टर प्रो. आनंद चौधरी सिंह द्वार पहुंचे और छात्रों से धरना खत्म करने को कहा, लेकिन छात्रों ने उनकी एक न सुनी।

चीफ प्राक्टर प्रो. आनंद चौधरी सिंह के पहुंचने पर इस दौरान रात भर जगे छात्रों ने जोर-जोर से प्रशासन के खिलाफ नारे लगाने शुरू कर दिए। इससे पहले छात्र देर रात में जब धरना के समय गीत-संगीत कर रहे थे, उसी समय चार-पांच दूसरे छात्र वहां पहुंचे और आपस में डफली बजाते -बजाते एक-दो डफली तोड़ दिये। इसके बाद विवाद जब बढ़ने लगा तो वहां पर पुलिस और सुरक्षाकर्मियों ने मुस्तैदी बढ़ा दी।

इसके बाद डिप्टी चीफ प्रॉक्टर प्रो. बी. सी. कापड़ी, डा. धीरेंद्र राय समेत कई अन्य प्राक्टर सिंह द्वार पर रात भर ड्यूटी देते रहे, जिससे वाद-विवाद या लड़ाई-झगड़े की घटना न होने पाए। वहीं सुबह बीएचयू के चीफ प्रॉक्टर प्रो आनंद चौधरी सिंह द्वार पहुंचे और छात्राें को मनाने की काफी कोशिश की। आश्‍वासन मिलने के बाद भी छात्र अपनी मांग पर कायम रहे। इसके बाद प्रो. चौधरी वहां से वापस चले गए। वहीं दोपहर में सिंहद्वार से करीब 50 की संख्या में जुटकर छात्र राहगीरों, स्टाफ और प्रोफेसर सबको रोक रहे हैं। केवल गंभीर बीमारी से जूूूझ रहे मरीजों को ही अंदर जाने दिया जा रहा है। 

kumbh-mela-2021

शॉर्ट मे जानें सभी बड़ी खबरें और पायें ई-पेपर,ऑडियो न्यूज़,और अन्य सर्विस, डाउनलोड जागरण ऐप