हालात बदल रहे हैं पर अभी पूरा बदलाव आना बाकी है

हांलाकि अगर पहली नजर में देखा जाये तो 2011 के बाद से अरब दुनिया जहां ट्यूनीशिया जैसे इलाके हैं में समलैंगिकता को लेकर सोच में कुछ बदलाव आने लगा है पर अभी इसे वहां कानूनी और समाजी स्‍वीकृती प्राप्‍त नहीं हुई है। आज भी इस बारे में बातचीत करना मुश्‍किल है और इस बारे में बात करने वालों पर खतरा मंडराता रहता है। इस बीच समलैंगिकता के पक्ष में कुछ आवाजें उठ रही हैं और समलैंगिक बराबरी के हक़ की मांग करने लगे हैं। ऐसी ही आवाज है बौहदिद बेलहिदी की जो पहले व्यक्ति थे ख़ुलेआम एलजीबीटी पर बात करने वाले। 

पहला पूर्णत: समलैंगिक रेडियो स्‍टेशन

रायटर की खबर के अनुसार इन्‍हीं बौहदिद ने अरब जगत का पहला एलजीबीटी रेडियो स्टेशन शुरू किया है। डच दूतावास की आंशिक मदद से शुरू हुआ ये रेडियो स्‍टेशन ट्यूनीशिया की राजधानी ट्यूनिश में स्‍थित है। हालाकि इस रेडियो स्‍टेशन में अभी धन का ज्‍यादा निवेश नहीं हुआ है लेकिन इसे पूरी तरह से पेशेवर बनाने पर जोर रखा गया है। इसमें बौहदिद के साथ 6 लोगों की टीम काम कर रही है। एलजीबीटी के रेनबो कलर के गलियारे और वैसे ही झंडे से सजा ये रेडियो स्‍टेशन कम समय में ही काफी लोकप्रिय हो चुकास है। इसके प्रसारण क्षेत्र में आने वाले 15 देशों में करीब 10 हजार श्रोता बताये जा रहे हैं। 

अलग अलग तरह के कार्यक्रम करता है प्रसारित

रेडियो स्‍टेशन पर गीत संगीत और हिट गानों का प्रसारण किया जाता है। साथ ही इस पर समलैंगिगों के अधिकारों को लेकर गंभीर बहस भी आयोजित की जाती हैं। हांलाकि धमकियों के मद्दे नजर कार्यक्रम में भाग लेने वालों की पहचान उजागर नहीं की जाती है। इसके साथ ही सप्‍ताह के 6 दिन यूट्यूब के द्वारा इसका ऑनलाइन प्रसारण भी होता है।  

मिली अंतरराष्‍ट्रीय मान्‍यता 

इस रेडियो स्‍टेशन को शुरू करने के बाद से बौहदिद को कई बार मार डालने और पिटाई करने की धमकियां दी जा चुकी हैं। उनके स्‍टाफ को भी लगातार धमकियां मिलती रही हैं। इसके बावजूद इस रेडियो स्‍टेशन को अरब जगत में एलजीबीटी समुदाय की एक विशिष्‍ठ उपलब्‍धि माना जा रहा है और इसे पश्‍चिमी देशों का पूरा सर्मथन भी प्राप्‍त है। यही कारण है कि इसे अंतरराष्ट्रीय और क़ानूनी स्‍थितियों के चलते मान्यता दे दी गई है। इसे एसएचएएमएस रेड रेडियो का नाम दिया गया है। इस रेडियो स्‍टेशन का स्‍लोगन है डिगनिटी, इक्‍वेलिटी यानि सम्‍मान और समानता। 

 

Posted By: Molly Seth