बंगाल की खाड़ी से आ रहा है चक्रवाती तूफान, भारी बारिश के साथ चलेंगी 90 की रफ्तार से हवाएं; यूपी-बिहार तक दिखेगा असर
बंगाल की खाड़ी में बन रहा शक्तिशाली चक्रवाती तूफान 'अर्नब' 28 अक्टूबर को आंध्र प्रदेश और ओडिशा तट पर पहुंच ...और पढ़ें
-1792861531262_m.webp)
बंगाल की खाड़ी में चक्रवाती तूफान का खतरा (यह तस्वीर AI की मदद से बनाई गई है।)

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। बंगाल की खाड़ी में बन रहा शक्तिशाली चक्रवाती तूफान 28 अक्टूबर की सुबह उत्तरी आंध्र प्रदेश और दक्षिणी ओडिशा के तटों के पास पहुंच सकता है। अभी यह निम्न दबाव के रूप में है, जो रविवार तक गहरे अवदाब में बदल सकता है।
सोमवार की सुबह तक इसके चक्रवाती तूफान का रूप लेने की आशंका है। इसके बाद यह उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ेगा। इस दौरान 90 से सौ किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चल सकती है। तूफान बनने की स्थिति में इसका नाम अर्नब होगा।
खतरे को देखते हुए राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु का 28 और 29 अक्टूबर का ओडिशा दौरा स्थगित कर दिया गया है। उन्हें रायगढ़पुर और अपने गृह जिले मयूरभंज जाना था। साथ ही आपदा प्रबंधन तंत्र को भी सक्रिय कर दिया गया है।
भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) के अनुसार तूफान के प्रभाव से ओडिशा के दक्षिणी और तटीय जिलों में भारी बारिश हो सकती है। आंध्र प्रदेश के तटीय हिस्से में भी तूफान का असर पड़ सकता है। इसका प्रभाव झारखंड-बिहार के साथ पूर्वी उत्तर प्रदेश तक भी पड़ सकता है।
हालांकि इसी दौरान पश्चिमी हवाएं इसे आगे बढ़ने से रोकेंगी, जिससे पूर्वी उत्तर प्रदेश में हल्की बारिश से ज्यादा असर नहीं पड़ेगा। झारखंड में 28 और 29 अक्टूबर को बारिश हो सकती है।
कुछ स्थानों पर गरज-चमक, आकाशीय बिजली और 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। तूफान की दिशा एवं तीव्रता के हिसाब से वर्षा का दायरा भी बदल सकता है।
इसी बीच दक्षिण केरल तट के पास दक्षिण-पूर्वी अरब सागर में भी निम्न दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। साथ ही उत्तर-पूर्वी मानसून के कारण तमिलनाडु और केरल में भी भारी बारिश के आसार हैं। मौसम विशेषज्ञ दोनों समुद्री प्रणालियों की गतिविधियों पर नजर रख रहे हैं।
