राज्य ब्यूरो, मुंबई। उदयपुर में हुई कन्हैयालाल की बर्बर हत्या से भी पहले महाराष्ट्र के अमरावती में उसी प्रकार हुई एक दवा व्यवसायी उमेश कोल्हे की हत्या की जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआइए) ने अपने हाथ में ले ली है। 21 जून को हुई इस हत्या के सिलसिले में मास्टरमाइंड इरफान खान सहित सात लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने शनिवार को ट्वीट कर बताया कि उमेश कोल्हे की बर्बर हत्या की जांच एनआइए को सौंप दी गई है।

  • नुपुर के समर्थन में मैसेज करने पर दवा व्यवसायी को मार डाला था, मास्टरमाइंड समेत सात गिरफ्तार
  • गृह मंत्रालय से आदेश मिलने के बाद एनआइए की टीम ने जांच अपने हाथ में ली
  • हत्या की साजिश, इसमें शामिल संगठनों एवं अंतरराष्ट्रीय संबंधों का पता लगाएगी एजेंसी

हत्‍याकांड में शामिल संगठनों की होगी छानबीन

एनआइए इस हत्या के पीछे की साजिश, इसमें शामिल संगठनों एवं इसके अंतरराष्ट्रीय संबंधों की जांच करेगी। गृह मंत्रालय के आदेश के बाद एनआइए की पांच सदस्यीय टीम ने अमरावती पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। क्षेत्रीय पुलिस उपायुक्त विक्रम साली ने मीडिया को बताया कि इस मामले में स्थानीय पुलिस ने आइपीसी की दो और धाराएं 120बी एवं 109 जोड़ दी हैं।

नुपुर का समर्थन करने के कारण ली जान

पुलिस ने बताया कि यह हत्याकांड भाजपा की पूर्व प्रवक्ता नुपुर शर्मा के एक विवादित बयान का समर्थन करने के कारण अंजाम दिया गया है। एनआइए इस बात की भी जांच करेगी कि कहीं इन दोनों घटनाओं में कोई संबंध तो नहीं है? उमेश के परिवार का कहना है कि उनकी किसी से कोई दुश्मनी नहीं थी। उनके मोबाइल से नुपुर शर्मा के समर्थन में कुछ वाट्सएप संदेश इधर-उधर भेजे पाए गए।

पत्नी और बेटे के सामने ही मार डाला

  • 21 जून को उमेश कोल्हे रात करीब 10.30 बजे दुकान बंद कर स्कूटर से घर की ओर रवाना हुए।
  • उनके पीछे ही दूसरी स्कूटर पर उनका 21 वर्षीय बेटा संकेत और पत्नी वैष्णवी भी जा रहे थे।
  • महिला कालेज न्यू हाईस्कूल का गेट पार करते ही दो मोटरसाइकिल सवारों ने कोल्हे को रोका।
  • हमलावरों ने बाई ओर से दवा व्यवसायी के गले पर एक बड़े चाकू से वार करना शुरू कर दिया।
  • कोल्हे गिर गए। बेटा स्कूटर रोककर उनकी ओर भागा। मां-बेटे मदद के लिए गुहार लगाने लगे।
  • इसी बीच मोटरसाइकिल से आए एक और युवक के साथ दोनों हत्यारे घटना स्थल से भाग निकले।
  • राहगीरों की मदद से कोल्हे को निकट के एक्सान अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी मौत हो गई।

मास्टरमाइंड ने किया रुपये और कार का इंतजाम, रेकी करवाई

पुलिस उपायुक्त विक्रम साली के अनुसार, मृतक के पुत्र संकेत द्वारा लिखाई गई एफआइआर के बाद 23 जून को दो आरोपितों मुदस्सिर अहमद एवं शाहरुख पठान को गिरफ्तार कर लिया गया था। दोनों से पूछताछ के दौरान चार और लोगों के नाम सामने आए। इनमें से तीन अब्दुल तौफीक, शोएब खान एवं आतिब रशीद को भी 25 जून को गिरफ्तार कर लिया गया था।

हत्‍याकांड का मास्टरमाइंड गिरफ्तार

हत्याकांड के मास्टरमाइंड माने जा रहे इरफान एवं वेटरेनरी डाक्टर यूसुफ खान को शनिवार को गिरफ्तार कर लिया गया। नागपुर से गिरफ्तार इरफान खान ने ही दो लोगों को उमेश पर नजर रखने को कहा था। उसने हत्याकांड को अंजाम देने के लिए हत्यारों को 10 हजार रुपये एवं एक कार का इंतजाम भी किया था।

चाकू, मोबाइल बरामद

  • हत्या में उपयोग किया गया चाकू, मोबाइल फोन, वाहन एवं कपड़े इत्यादि बरामद कर लिए गए हैं।
  • घटनास्थल के आसपास की सीसीटीवी फुटेज भी स्थानीय पुलिस को हासिल हो चुकी है।
  • गिरफ्तार सभी आरोपितों एवं उनके संबंधियों के बैंक खाते जब्त किए गए। उनकी जांच की जा रही है।

कबूला जुर्म नुपुर का समर्थन करने के कारण ली जान

हत्यारों ने पुलिस को बताया है कि यह हत्या नुपुर शर्मा का समर्थन करने के कारण हुई है। अमरावती के एक वेटेरनरी डाक्टर यूसुफ खान ने नुपुर शर्मा के समर्थन में उमेश कोल्हे द्वारा कुछ वाट्सएप समूहों में भेजे गए संदेशों को मुस्लिम समुदाय में प्रसारित किया। उसने कहा कि देखो यह व्यक्ति हमारे धर्म के खिलाफ बोलने वाली का समर्थन कर रहा है और आप लोग उसकी दुकान से दवा खरीदते हैं। यूसुफ खान के इन संदेशों से उत्तेजित होकर घटना के मास्टरमाइंड इरफान खान ने हत्या की साजिश रच डाली।

Edited By: Krishna Bihari Singh