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महिला वकीलों के बार रूम के लिए फंड आवंटित करे राज्य सरकार, सुप्रीम कोर्ट का निर्देश

Published: Tue, 27 Oct 2026 05:00 AM (IST)

सुप्रीम कोर्ट ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को जिला व तालुका अदालतों में महिला वकीलों के लिए बार ...और पढ़ें

सुप्रीम कोर्ट ने दिया निर्देश।

सुप्रीम कोर्ट ने दिया निर्देश।

HighLights

  1. सुप्रीम कोर्ट ने महिला वकीलों की सुविधाओं पर दिया विशेष जोर।

  2. राज्यों को बार रूम, शौचालय हेतु फंड आवंटित करने का निर्देश।

  3. जिला व तालुका अदालतों में बुनियादी सुविधाएँ अनिवार्य होंगी।

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को जिला एवं तालुका अदालतों में महिला वकीलों के लिए बार रूम, शौचालय और अन्य बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए फंड आवंटित करने का निर्देश दिया।

प्रधान न्यायाधीश सूर्यकांत, जस्टिस जायमाल्य बागची तथा जस्टिस वी. मोहना की पीठ ने अदालतों में महिला वकीलों के लिए बार रूम की कमी पर नाराजगी जताई।

पीठ ने कहा, सभी उच्च न्यायालयों और राज्य सरकारों का कर्तव्य है कि महिला वकीलों को सभी सुविधाओं से युक्त अलग महिला बार रूम दिया जाए। यह अनिवार्य है। इसके लिए अतिरिक्त धन या जमीन की जरूरत हो, तब भी इसका पालन करना होगा। जो भी जरूरी हो, वह किया जाना चाहिए।

पीठ ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 2 दिसंबर की तारीख तय की।शीर्ष अदालत महिला वकीलों की याचिका पर सुनवाई कर रही थी। याचिका में देश की अदालतों, न्यायाधिकरणों और आयोगों में महिला वकीलों के लिए पर्याप्त सुविधाओं की कमी का मुद्दा उठाया गया था।

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