नई दिल्ली, एजेंसियां। केंद्र के तीन कृषि कानूनों के विरोध में किसान संगठनों ने सोमवार को 'भारत बंद' रखा। इस दौरान किसानों ने सड़क पर उतर कर विरोध प्रदर्शन किए। बंद सुबह छह बजे शुरू हुआ और शाम चार बजे तक चलता रहा। भारत बंद का पूरे देश से मिला जुला असर देखने को मिला है। किसानों के संगठनों द्वारा कृषि कानूनों को खत्म करने की मांग के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग 1 सहित दिल्ली को हरियाणा और पंजाब के कुछ हिस्सों से जोड़ने वाली सड़कों पर सैकड़ों किसान बैठ गए। सड़कों को जाम कर दिया। इससे लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। आइये तस्वीरों के जरिए देखते हैं देश के अलग-अलग हिस्सों में किस तरह का रहा भारत बंद का असर...

बेंगलुरु में किसान, विभिन्न कन्नड़ संगठनों के कार्यकर्ता और ट्रेड यूनियन के सदस्य केंद्र सरकार के तीन कृषि सुधार कानूनों के खिलाफ  'भारत बंद' के दौरान ट्रैक्टर में चढ़कर नारे लगाते हुए।

 

पश्चिम बंगाल के वामपंथी समर्थकों ने सोमवार को कोलकाता में तीन कृषि कानूनों के अधिनियमन की पहली वर्षगांठ के अवसर पर संयुक्त किसान मोर्चा द्वारा बुलाए गए राष्ट्रव्यापी 'भारत बंद' के दौरान रेलवे ट्रैक को जाम कर दिया।

उत्तर प्रदेश के मेरठ शहर में केंद्र सरकार के तीन कृषि सुधार कानूनों के खिलाफ किसानों के 'भारत बंद' के दौरान सड़कें सूनसान दिख रही हैं।

तीन कृषि कानूनों के लागू होने की पहली बरसी के मौके पर सोमवार को अमृतसर के देवी दास पुरा में संयुक्त किसान मोर्चा द्वारा किए गए राष्ट्रव्यापी 'भारत बंद' के दौरान किसानों और महिलाओं ने रेलवे ट्रैक पर बैठकर नारेबाजी की।

उत्तर प्रदेश के नोएडा में सोमवार को तीन कृषि कानूनों के अधिनियमन की पहली वर्षगांठ के अवसर पर संयुक्त किसान मोर्चा द्वारा बुलाए गए राष्ट्रव्यापी 'भारत बंद' के दौरान ट्रैफिक जाम में फंसे वाहनों की लंबी लाइन।

केंद्र सरकार के तीन कृषि सुधार कानूनों के खिलाफ किसानों के 'भारत बंद' के दौरान पश्चिम बंगाल के हावड़ा रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों को परिचालन भी कुछ देर के लिए ठप रहा।