नई दिल्‍ली, एएनआइ। सुप्रीम कोर्ट में रोहित वेमुला और पायल तडवी की मां की ओर से दायर संयुक्‍त जनहित याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई करते हुए केंद्र व यूजीसी को नोटिस जारी किया है। इसके तहत हायर लर्निंग इंस्‍टीट्यूशन व यूनिवर्सिटी में जातिगत संबंधी भेदभाव को रोकने के लिए कोर्ट ने केंद्र व यूजीसी से कदम उठाने को कहा है।

बता दें कि कॉलेज में  रोहित वेमुला और पायल तडवी की आत्‍महत्‍या का कारण जातिगत भेदभाव बताकर उनकी मांओं ने सुप्रीम कोर्ट में संयुक्‍त तौर पर याचिका दाखिल की थी। याचिका में उन्‍होंने गुहार लगाई कि शैक्षणिक संस्थानों में जातिगत भेदभाव खत्म करने का सशक्त उपाय किया जाए। साथ ही यह भी मांग की है कि विश्वविद्यालय और अन्य उच्च शैक्षणिक संस्थानों में सभी छात्रों शिक्षकों को समान अवसर के लिए विशेष सेल बनाया जाए।

पायल तडवी का मामला

महाराष्‍ट्र के नायर अस्पताल के टॉपिकल नेशनल मेडिकल कॉलेज में गायनोकोलॉजी एंड ऑब्स्टेट्रिक्स के सेकेंड ईयर में पढ़ने वाली डाक्टर पायल तडवी ने आत्‍महत्‍या कर ली थी। पायल अपने वरिष्ठ डॉक्टरों की प्रताड़ना से तंग थी। ये डॉक्टर उस पर जातिगत टिप्पणी कर अक्सर परेशान करते थे। डाक्टर पायल तडवी की शादी 2016 में डाक्टर सलमान से हुई थी।

रोहित वेमुला का मामला

हैदराबाद यूनिवर्सिटी के समाजशास्त्र विभाग के पीएचडी स्कॉलर रोहित वेमुला 17 जनवरी 2016 को फांसी लगाकर आत्‍महत्‍या कर ली। वेमुला को दुर्व्यवहार के कारण बाद यूनिवर्सिटी से सस्पेंड किया गया था। इसके कुछ दिनों बाद उसने खुदकुशी कर ली थी।

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Posted By: Monika Minal

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