बेंगलुरु, एएनआइ। बेंगलुरु के परप्पाना अग्रहारा केंद्रीय जेल में सिटी क्राइम ब्रांच ने छापामारी की है। जेल की कई सेल से 37 चाकू, खंजर, मारिजुआना, मोबाइल फोन और सिम कार्ड जब्त किए गए हैं। पुलिस ने यह छापेमारी सूत्रों से मिली जानकारी के बाद की। 

संयुक्त पुलिस आयुक्त (अपराध), संदीप पाटिल ने कहा, 'विभिन्न शिकायतों के आधार पर, हमने आज परप्पना अग्रहारा जेल में छापे मारे और मोबाइल फोन, सिम कार्ड, चाकू, खंजर, गांजा, धूम्रपान करने का पाइप और अन्य प्रतिबंधित सामान जब्त किए। फिलहाल आगे की जांच चल रही है।'

60 सीसीबीकर्मी छापामारी में शामिल

सीसीबी के संयुक्त पुलिस आयुक्त संदीप पाटिल के नेतृत्व में चार एसीपी और छह इंस्पेक्टरों सहित कम से कम 60 सीसीबीकर्मी इस छापामारी अभियान में शामिल हुए।

गैरकानूनी गतिविधियों को लेकर पहले भी चला अभियान

यह पहली बार नहीं है जब केंद्रीय जेल में हो रही गैरकानूनी गतिविधियों के बारे में पुलिस को जानकारी मिली हुई हो और ऐसा अभियान चलाया गया हो। दो साल पहले तत्कालीन डीआईजी जेल डी रूपा ने भी परप्पना अग्रहारा जेल में हो रही अवैध गतिविधियों का मामला उठाया था।

40 एकड़ में फैली हुई जेल

परप्पाना अग्रहारा सेंट्रल जेल कर्नाटक की सबसे बड़ी जेल है, जो 40 एकड़ में फैली हुई है। इसमें 810 बैरकों के साथ 4,000 से अधिक कैदी हैं। इस जेल में पूर्व ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (AIADMK) की महासचिव वी के शशिकला भी हैं।

2017 से जेल में 

बता दें कि, शशिकला  तमिलनाडु की पूर्व सीएम दिवंगत जयललिता की सहयोगी हैं। उन्हें साल 2017 में भ्रष्टाचार के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने चार साल कैद की सजा सुनाई थी। इसके बाद से वो इस जेल में बंद हैं। 

विशेष सुविधाओं को लेकर चर्चा में

शशिकला, इस साल जनवरी में जेल में विशेष सुविधाओं को लेकर चर्चा में आईं थी। जेल की  तत्कालीन डीआइजी दी डी रूपा ने इसे लेकर दावा किया था। रूपा ने शशिकला पर आरोप लगाया था कि दो करोड़ रुपये की एवज में उन्हें जेल में विशेष सुविधाएं दी गईं थी।   

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Posted By: Tanisk

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