नई दुनिया, सुकमा। गृह मंत्रालय में नक्सल मामलों के सुरक्षा सलाहकार समेत छत्तीसगढ़ के गृह सचिव, डीजीपी, सीआरपीएफ डीजी व अन्य आला अधिकारियों की मंगलवार को जिला मुख्यालय सुकमा व चिंतागुफा में उच्चस्तरीय बैठक हुई। इसमें नक्सलियों के खिलाफ आक्रामक रणनीति का ब्लूप्रिंट तैयार किया गया। बुरकापाल हमले की समीक्षा भी की गई। सूत्रों की मानें तो नक्सलियों के खिलाफ आक्रामक अभियान की रू परेखा तैयार कर ली गई है और जल्द ही फोर्स नक्सलियों की मांद में घुसकर जबरदस्त कार्रवाई करने की तैयारी में है।

मंगलवार को गृह मंत्रालय में नक्सल मामलों के सुरक्षा सलाहकार के विजय कुमार, छतीसगढ़ के गृह सचिव पीवी सुब्रमणियम, डीजीपी एएन उपाध्याय, सीआरपीएफ डीजी सुदीप लखटकिया, डीजी नक्सल ऑपरेशन डीएम अवस्थी, बस्तर आइजी विवेकानंद, सीआरपीएफ आइजी दुर्गा प्रसाद समेत डीआइजी स्तर के अफसर घटनास्थल पर पहुंचे थे। घटना की समीक्षा के बाद शाम छह बजे लौटे। यहां सेकंड बटालियन कैंप में पुलिस व सीआरपीएफ अधिकारियों की बैठक हुई, जो करीब तीन घंटे चली।

इस दौरान सुरक्षा सलाहकार ने अर्धसैन्य बलों व पुलिस को बेहतर तालमेल के साथ काम करने की सलाह दी। उन्होंने नक्सल अभियान के तहत रणनीतिक टिप्स भी दिए। साथ ही कहा कि मोर्चे पर जाने वाले जवान पूरी एहतियात बरतें। कुमार ने बैठक में फोर्स को ग्रामीणों के साथ सौहार्दपूर्ण व्यवहार करने की सलाह दी। उन्होंने इंटेलीजेंस मजबूत करने के लिए सोशल पुलिसिंग पर जोर दिया।

नारायणपुर में बैठक लेकर रायपुर उड़े

नक्सल मुद्दे को लेकर गृह मंत्रालय में नक्सल मामलों के सुरक्षा सलाहकार ने बुधवार को नारायणपुर जिला मुख्यालय में पुलिस व आइटीबीपी के अधिकारियों की बैठक ली, जिसमें बस्तर आइजी विवेकानंद, सुकमा एसपी अभिषेक मीना, नारायणपुर एसपी संतोष सिंह समेत पुलिस और सीआरपीएफ के आला अफसर मौजूद थे। दोपहर तीन बजे अफसर हेलीकॉप्टर से रायपुर रवाना हो गए।

यह भी पढ़ें: अब नक्सली इलाकों में नई तकनीक से तेजी से बनेगी सड़क

Posted By: Manish Negi

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप