नई दिल्‍ली [जागरण स्‍पेशल]। भारत के चुनाव में यदि सबसे अधिक किसी देश की दिलचस्‍पी है तो उसका नाम है पाकिस्‍तान। इसका अंदाजा आप इस बात से भी लगा सकते हैं कि वहां पर लगातार भारत का लोकसभा चुनाव सुर्खियों में छाया है। इतना ही नहीं पाकिस्‍तान के प्रतिष्ठित अंग्रेजी अखबार डॉन लगातार चुनाव के दूसरे चरण का लाइव अपडेट दे रहा है। आपको बता दें कि पहले चरण के मतदान के दौरान भी पाकिस्‍तान के अखबारों ने भारत के लोकसभा चुनाव को लगातार कवर किया था, यही हाल इस बार भी है। लेकिन यहां पर बड़ा सवाल ये है कि आखिर इसके पीछे की बड़ी वजह क्‍या है।

इस सवाल का जवाब खोजा जाना इसलिए भी जरूरी है क्‍योंकि पाकिस्‍तान न सिर्फ भारत का पड़ोसी मुल्‍क है बल्कि वहां के प्रधानमंत्री इमरान खान की भी दिलचस्‍पी इसमें दिखाई दे रही है। यह कहना इसलिए भी गलत नहीं है क्‍योंकि कुछ ही दिन पहले इमरान खान ने पीएम मोदी के पक्ष में बयान देकर सभी को हैरत में डाल दिया था।दरअसल, उन्‍होंने कहा था कि अगर भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दोबारा चुनाव जीतकर आते हैं तो भारत-पाकिस्तान के बीच वार्ता की ज्यादा संभावना है। हालांकि, उनके इस बयान पर विपक्ष ने इतने सवालों की बौछार की कि उनका जवाब इमरान अब तक नहीं दे पाए हैं। दरअसल, इस तरह का बयान देना उनके लिए गले की फांस ज्‍यादा बन गया है।

इस बयान के अपने सियासी मायने थे। जानकारों की मानें तो उन्‍होंने यह बयान इसलिए भी दिया था कि इसके जरिए वह अपनी छवि को सुधारना चाहते थे। दूसरी बड़ी वजह की यदि बात करें तो वह है पाकिस्‍तान के आर्थिक हालात। दरअसल, पाकिस्‍तान अपने सबसे बुरे दौर से गुजर रहा है। ऐसे में लोग लगातार और राजनीतिक पार्टियां लगातार सरकार को कटघरे में खड़ा कर रही हैं। देश में खाने-पीने की चीजों में बेतहाशा तेजी हो रही है। इन सभी वजहों से जहां आम जन परेशान है वहीं सरकार इस पर कुछ कदम नहीं उठा पा रही है। इस तरफ से लोगों का ध्‍यान हटाने के लिए भी इमरान खान ने पीएम मोदी के पक्ष में बयान देना ज्‍यादा बेहतर समझा। इसमें वह काफी हदतक कामयाब भी रहे और बयानों के बाद हर तरफ से सवालों में घिर गए और स्‍थानीय मुद्दों पर भारी भी पड़ गए।   

बहरहाल, पाकिस्‍तान की मीडिया जिस तरह से भारत के चुनाव पर नजरें गड़ाए हुए है वह यह जरूर साबित कर रहा है कि वहां की मीडिया ही नहीं बल्कि वहां के सियासतदानों की भी दिलचस्‍पी इसमें बनी हुई है कि आखिर भारत में कौन सी सरकार आएगी और यहां का रुझान किस तरफ है। पाकिस्‍तान के टीवी चैनलों पर भारत के चुनाव को लेकर चल रही डिबेट भी इसी तरफ इशारा कर रही हैं।

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Posted By: Kamal Verma