नई दिल्ली, प्रेट्र। वरिष्ठ कांग्रेस नेता पी चिदंबरम ने कहा कि राफेल विवाद, बाजार में गिरावट और रुपये के अवमूल्यन जैसे मुद्दों को लेकर उत्पन्न असंतोष को सरकार दबा रही है। कांग्रेस सहित विपक्षी पार्टियां सरकार पर राफेल सौदे में अनिल अंबानी की रिलायंस डिफेंस को फायदा पहुंचाने का आरोप लगा रही है। इधर, सरकार और रिलायंस डिफेंस ने इस आरोप को बेबुनियाद करार दिया है।

सरकार पर उठायी उंगली 

चिदंबरम ने शुक्रवार को ट्वीट कर सरकार पर उंगली उठायी है। उन्‍होंन अपने ट्वीट में कहा कि 'राफेल सौदा उजागर होने के साथ ही बाजार गिर गया है। रुपये का अवमूल्यन हुआ है और ब्याज दर बढ़ गई है।जवाब में सरकार असंतोष को दबा रही है। ईडी ने ग्रीनपीस के खाते ब्लॉक कर दिए हैं। आइटी राघव बहल के कार्यालय की तलाशी ले रही है। भाजपा सांसद आकलन समिति की रिपोर्ट को रोक रही हैं।'

पूर्व केंद्रीय मंत्री ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा पर्यावरण एनजीओ ग्रीनपीस के दर्जनों बैंक खाते जब्त करने और आयकर विभाग द्वारा मीडिया कारोबारी राघव बहल के घर एवं कार्यालय की गुरुवार को ली गई तलाशी का उल्लेख किया है।

मद्रास हाईकोर्ट ने चिदंबरम को दी राहत
मद्रास हाईकोर्ट ने अंतरिम आदेश की अवधि दो नवंबर तक बढ़ा दी है। इस आदेश से पूर्व केंद्रीय मंत्री पी. चिदंबरम के परिवार को विशेष अदालत में पेश होने के लिए दो नवंबर तक की मोहलत मिल गई है। आयकर विभाग ने चिदंबरम परिवार के खिलाफ विदेशी संपत्ति का खुलासा नहीं करने का मामला दायर किया है। पूर्व केंद्रीय मंत्री की पत्नी, बेटा और पुत्रवधू ने अपने खिलाफ अभियोजन शुरू करने को चुनौती दी है।

उनकी अपील पर जस्टिस एस. मणिकुमार और जस्टिस सुब्रमणियम प्रसाद की खंडपीठ ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था। 14 सितंबर को ही कोर्ट ने अंतरिम आदेश में चिदंबरम की पत्नी नलिनी, उनके बेटे कार्ति और पुत्र वधू श्रीनिधि को विशेष कोर्ट में पेशी से 12 अक्टूबर तक की मोहलत दी थी।

Posted By: Prateek Kumar