आगरा, जागरण संवाददाता। भारतीय रेल में कुछ भी संभव है। अगर साहब सफर कर रहे हैं तो ट्रेन निर्धारित समय से पहले पहुंच जाएगी। स्टॉपेज न होने के बाद भी ट्रेन को किसी भी फाटक के समीप रोक दिया जाएगा। शनिवार सुबह कुछ यही वाकया हुआ। जब रेलवे के सिगनल विभाग के इंजीनियर के लिए जयपुर शताब्दी को आजमपाड़ा सब्जी मंडी रोक दिया गया। इंजीनियर के उतरने के बाद ट्रेन आगरा फोर्ट के लिए रवाना हुई।

जयपुर-आगरा फोर्ट शताब्दी सुबह करीब 10.40 बजे रेलवे फाटक 6 व 7 के बीच से होकर गुजर रही थी, तब ट्रेन की स्पीड करीब 10 से 20 किमी प्रति घंटा थी। ट्रेन में अछनेरा से रेलवे के सिगनल विभाग के एक इंजीनियर भी सवार हुए थे। फाटक के समीप पहुंचने पर ट्रेन को रोक दिया गया। करीब दो मिनट तक ट्रेन रुकी और फिर चल दी। इस बीच ट्रेन से सिगनल विभाग के इंजीनियर उतरे। इंजीनियर को ट्रैक के सिगनल का निरीक्षण करना था। ट्रेन को बिना स्टॉपेज के रोकने पर पूरे मामले की शिकायत रेलवे बोर्ड से की गई है। करीब एक साल पहले भी एक इंजीनियर के लिए भी कुछ ऐसा ही वाकया हुआ था। जब ट्रेन को रोक दिया गया। उधर, जनसंपर्क अधिकारी व मंडल वाणिज्य प्रबंधक नवीन दीक्षित का कहना है कि सिगनल रेड होने के कारण दो मिनट ट्रेन रुकी थी, ट्रेन से कौन उतरा है, इसकी कोई जानकारी नहीं है।

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