इलाहाबाद [जासं]। भाजपा के पीएम पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी की सभाओं में भीड़ की बात तो अब पुरानी हो गई है। शुक्रवार को प्रयाग में मोदी के थ्रीडी अवतार ने भी खूब रंग जमाया। थ्री डी मोदी की सभा में शुक्रवार शाम को ईश्वर शरण डिग्री कालेज के समीप मैदान में भारी भीड़ उमड़ी। तकनीकी खामी के कारण मोदी की सभा आधे घंटे विलंब से शुरू हुई लेकिन उन्हें सुनने के लिए लोग जमे रहे। प्रत्यक्ष रूप से मोदी के इलाहाबाद आने का इंतजार कर रहे लोगों ने इस सभा का जमकर लुत्फ उठाया।

गुजरात में विधानसभा चुनाव में इस तकनीकि का इस्तेमाल किया गया था। इसके बाद इलाहाबाद समेत देश के करीब सौ स्थानों पर शुक्रवार शाम एक बार फिर थ्री डी तकनीकि से मोदी की सभा आयोजित की गई। मोदी की यह सभा निर्धारित समय सात बजे से करीब आधे घंटे देर से शुरू हुई। हालांकि, मोदी को सुनने के लिए सात बजे के पहले से ही मैदान में हजारों की भीड़ उमड़ पड़ी थी। ज्यादा संख्या युवाओं की ही रही। साढ़े सात बजे मोदी ने सभी का अभिवादन करते हुए संबोधन शुरू किया तो दर्शक शांत हो गए। मोदी ने अपने अंदाज में तमाम मुद्दों की चर्चा की। कहा कि हिंदुस्तान के कोने-कोने में आज एक अद्भुत प्रयोग हो रहा है। दुनिया में हमारे देश की पहचान एक पिछड़े देश में होती रही है लेकिन सारे विश्व का ध्यान हमारी तरफ आकृष्ट हो, ऐसी घटना पूरे देश में हो रही है।

मोदी ने कहा कि इस तकनीक का प्रयोग पहली बार गुजरात विधानसभा में हुआ था। तब एक साथ 53 स्थानों को संबोधित किया था। आज लगभग सौ स्थानों को संबोधित कर रहा हूं। तब यह गिनीज बुक आफ व‌र्ल्ड रिकार्ड में दर्ज हुआ था और डेढ़ साल बाद फिर अपना रिकार्ड तोड़ने का अवसर मुझे ही मिला। इसके बाद उन्होंने अपने तर्कपूर्ण और चुटीले अंदाज में शिक्षा के लिए सरकारी स्कूलों, स्वास्थ्य के लिए सरकारी अस्पतालों, कचरा प्रबंधन, विद्युत आपूर्ति, पेयजल व्यवस्था को सुदृढ़ करने की बात कहीं। उन्होंने संबोधन में बार-बार भाइयों-बहनों कहने के साथ नई तकनीक और 'डिजिटल इंडिया' का जिक्र किया।

तीसरे चरण में मतदान का जिक्र

मतदान के प्रति युवाओं खासकर पहली बार वोट करने वालों को उत्साहित करते हुए मोदी ने कहा तीसरे चरण में मतदान प्रतिशत उत्साह जनक रहा। राजनेताओं और जनता के बीच की खाई को उन्होंने सरकार को वजह बताया। चुनाव के दौरान हुई घटनाओं में मारे गए सुरक्षा बलों का भी उन्होंने जिक्र किया। उन्हें नमन करते हुए कहा कि देश के लोकतंत्र के लिए उन्होंने अपनी जान गंवाई है। जिसे इतिहास भूलेगा नहीं। राजनीति विज्ञान की पढ़ाई की बात उन्होंने कही, तो युवाओं ने तालियां बजाकर स्वागत किया। सभा रात करीब नौ बजे खत्म हुई।

'अरे इलाहाबाद कब अइबो यार'

मोदी संबोधन के लिए जैसे सामने आए। भीड़ में से एक युवक ने कहा कि अरे इलाहाबाद कब अइबो यार। उधर, उनके संबोधन पर लगातार तालियां बजती रहीं। जिस मैदान में सभा का आयोजन था, उसके चारों ओर की रेलिंग भीड़ के कारण कई जगह टूट गई।