दिव्यांगों की पेंशन में बड़ा बदलाव, नया नियम लागू; जानिए कब होगा भुगतान
केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय सामाजिक सहायता कार्यक्रम को 'प्रधानमंत्री सामाजिक सहायता योजना' के रूप में 2030-31 तक जारी रखने की मंजूरी दी है।

राष्ट्रीय सामाजिक सहायता कार्यक्रम अब 'प्रधानमंत्री सामाजिक सहायता योजना'

समय कम है?
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जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। दिव्यांगजन, वृद्ध व विधवा सहित समाज के पिछड़े और वंचित वर्ग को आगे बढ़ाने के लिए केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय सामाजिक सहायता कार्यक्रम (एनसीएपी) को अगले पांच सालों तक यानी 2030-31 तक जारी रखने की मंजूरी दी है। साथ ही दिव्यांगजनों को बड़ी राहत देते हुए उनसे जुड़ी पेंशन स्कीम का दायरा भी बढ़ा दिया है।
जिसमें दिव्यांगजन जन्म से ही 40 प्रतिशत तक की दिव्यांगता पर पेंशन के हकदार होंगे। अभी यह पेंशन 18 वर्ष की आयु से अधिक और जिनकी दिव्यांगता 80 प्रतिशत तक होती है, उन्हें ही मिलती है। इसके अतिरिक्त इन्हें मिलने वाली पेंशन राशि में भी बढ़ोतरी की गई है।
दिव्यांगजन पेंशन में बड़ा बदलाव
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अगुवाई में बुधवार को हुई केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में ग्रामीण विकास विभाग से जुड़े इस प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है। इसके साथ ही इस कार्यक्रम और इससे जुडी तीनों योजना के नाम में भी बदलाव किया गया है।
इसके तहत मौजूदा समय में संचालित राष्ट्रीय सामाजिक सहायता कार्यक्रम का नाम अब बदलकर प्रधानमंत्री सामाजिक सहायता योजना होगा। वहीं इस कार्यक्रम के तहत संचालित दिव्यांजन, वृद्धावस्था व विधवा पेंशन योजना से इंदिरा गांधी का नाम हटाकर अब प्रधानमंत्री के नाम पर कर दिया है।
इस दौरान दिव्यांगजनों से जुड़ी योजना को छोड़ दें तो वृद्धजनों, विधवाओं व पारिवारिक लाभ योजनाओं में कोई बदलाव नहीं किया गया है। वह सभी अपने मौजूदा स्वरूप में ही जारी रहेगी।
दिव्यांगजनों की पेंशन में वृद्धि
केंद्रीय सूचना व प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव में कैबिनेट में लिए गए फैसलों की जानकारी देते हुए बताया कि इस कार्यक्रम पर अगले पांच सालों में कुल 53428 करोड़ रुपए खर्च होंगे। वहीं इसका लाभ देश के 3.20 करोड़ लोगों को मिलेगा।
इनमें करीब 2.21 करोड़ वृद्धजन, 27 लाख दिव्यांगजन, 67 लाख विधवा और 3.59 लाख सामाजिक रूप से कमजोर वर्ग के लोग शामिल है।
इसके साथ ही दिव्यांगजनों की पेंशन में बढ़ोतरी की गई है। जिसमें अब 0-79 आयु वर्ग को 375 रुपए और 80 व उससे अधिक आयु वर्ग को 625 रुपए प्रतिमाह पेंशन मिलेगी।
गौरतलब है कि अभी 18 से 79 आयु वर्ग तक के दिव्यांगजनों प्रतिमाह को तीन सौ रुपए और 80 वर्ष व उससे अधिक आयु वर्ग के दिव्यांगजनों को प्रतिमाह पांच सौ रुपए मिलती थी।
यह केंद्रीय हिस्सा होता है। इनमें राज्यों की ओर से भी अपना हिस्सा मिलाकर दिव्यांगजनों को प्रदान किया जाता है। जो सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में अलग-अलग है। इस कार्यक्रम की शुरूआत केंद्र सरकार ने 1995 में की थी।
