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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 20, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Cauvery Water Dispute: जल विवाद को लेकर हुई बैठक, कर्नाटक को तमिलनाडु के लिए 5000 क्यूसेक पानी छोड़ने का आदेश

By Jagran NewsEdited By: Versha Singh
Published: Wed, 20 Sep 2023 08:46 AM (IST)Updated: Wed, 20 Sep 2023 09:45 AM (IST)

Cauvery water dispute कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने कावेरी नदी जल बंटवारे के मुद्दे पर एक ...और पढ़ें

Cauvery water dispute: कावेरी जल विवाद को लेकर हुई बैठक
Cauvery water dispute: कावेरी जल विवाद को लेकर हुई बैठक

HighLights

  1. कावेरी नदी जल विवाद को लेकर हुई बैठक
  2. कर्नाटक को मिला आदेश
  3. PM मोदी और जल मंत्री को सौंपेगे पत्र

नई दिल्ली, एजेंसी। Cauvery water dispute: कर्नाटक और तमिलनाडु के बीच कावेरी नदी के जल को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है। कावेरी नदी जल बंटवारा विवाद (Cauvery River water-sharing dispute) के बीच कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया मंगलवार देर रात दिल्ली पहुंचे।

कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने कावेरी नदी जल बंटवारे के मुद्दे पर एक महत्वपूर्ण बैठक की। इस बैठक में कावेरी जल प्रबंधन प्राधिकरण ने राज्य सरकार को तमिलनाडु के लिए 5000 क्यूसेक पानी छोड़ने का आदेश दिया है।

न्यूज एजेंसी ANI के अनुसार, सिद्धारमैया का राष्ट्रीय राजधानी में आगमन आज होने वाली बैठक से पहले हुआ है। इस बैठक में कर्नाटक के डिप्टी सीएम डीके शिवकुमार, उनके राज्य के सांसद और मंत्री शामिल होंगे।

कावेरी विवाद के अलावा, केंद्र सरकार के समक्ष लंबित राज्य परियोजनाओं (Cauvery water dispute) और सूखा राहत मुद्दों पर भी चर्चा की जाएगी।

कर्नाटक सरकार के विशेष प्रतिनिधि पहुंचे दिल्ली

इस बीच, कर्नाटक सरकार के दिल्ली विशेष प्रतिनिधि टीबी जयचंद्र पहले ही नई दिल्ली पहुंच चुके हैं और कल होने वाली महत्वपूर्ण बैठक के लिए कर्नाटक भवन में प्रारंभिक चर्चा कर रहे हैं।

बैठक में कर्नाटक का प्रतिनिधित्व करने वाले केंद्रीय मंत्री, राज्य के लोकसभा सदस्य और राज्यसभा सदस्य शामिल होंगे।

इससे पहले पिछले हफ्ते कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने कहा था कि राज्य सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुसार अपने पड़ोसी राज्य तमिलनाडु को पानी छोड़ने की स्थिति में नहीं है।

अगस्त में बारिश की भारी कमी- सिद्धारमैया

पिछले 100 वर्षों की तुलना में हमें अगस्त में बारिश की भारी कमी का सामना करना पड़ा है। सिद्धारमैया ने कावेरी जल विवाद (Cauvery water dispute) पर सर्वदलीय बैठक के बाद पत्रकारों से कहा, हमारे पास पानी नहीं है, इसलिए हम सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुसार पानी छोड़ने की स्थिति में नहीं हैं।

सर्वदलीय बैठक के बाद सिद्धारमैया ने कहा कि सर्वदलीय बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत को पत्र लिखने और दिल्ली में कर्नाटक के सभी सांसदों और मंत्रियों से मिलने का फैसला लिया गया है।

उन्होंने कहा, हमने भारत के प्रधानमंत्री और जल संसाधन मंत्री को भी पत्र लिखने का फैसला किया है कि हम एक प्रतिनिधिमंडल में आ रहे हैं, कृपया हमें एक तारीख बताएं। हम दिल्ली जाकर वहां के सभी सांसदों और मंत्रियों से मिलने की सोच रहे हैं जो कर्नाटक से हैं।

कर्नाटक के किसानों ने किया था विरोध प्रदर्शन

कर्नाटक में किसानों के एक समूह ने तमिलनाडु को कावेरी नदी का पानी देने के विरोध में विरोध-प्रदर्शन किया था। मांड्या जिले में किसानों ने कावेरी जल विनियमन समिति (CWRC) के अंतरिम आदेश के पास होने पर प्रदर्शन किया। इस आदेश के तहत कर्नाटक को 2 सितंबर तक अगले 15 दिनों के लिए तमिलनाडु को प्रतिदिन 5,000 क्यूसेक पानी छोड़ने के लिए कहा गया था। जिसका कर्नाटक के किसानों ने विरोध जताया था। 

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