गडग, (कर्नाटक), एएनआइ। कर्नाटक के एक सरकारी स्कूल में पैगंबर मोहम्मद पर निबंध लिखवाने पर एक स्कूल हेडमास्टर को निलंबित कर दिया गया। उस पर मतांतरण को बढ़ावा देने की कोशिश करने का आरोप है। पहले तो कुछ लोगों ने हेडमास्टर की पिटाई कर दी और अब जांच के बाद हेडमास्टर को सस्पेंड कर दिया। बताया गया कि 172 बच्चों से पैगंबर मोहम्मद पर निबंध लिखवाने की जानकारी स्कूल से बाहर पहुंची, फिर श्रीराम सेना से जुड़े कुछ लोग स्कूल पहुंचे और हेडमास्टर से बदसलूकी करते हुए उनकी पिटाई भी कर दी।

कमिश्नर के आदेश पर हेडमास्टर सस्पेंड

गुरुवार को एडिशनल कमिश्नर के आदेश पर हेडमास्टर को सस्पेंड कर दिया गया है। कर्नाटक के गडग जिले के नागवी गांव में स्थित सरकारी हाईस्कूल के प्रधानाध्यापक अब्दुल मुनफर बीजापुर ने मंगलवार को स्कूली छात्रों को पैगंबर मोहम्मद पर निबंध लिखने को कहा था। पुलिस के जवान के साथ-साथ शिक्षा विभाग के अधिकारी भी मामले की जांच के लिए पहुंचे। इसके बाद अब हेडमास्टर को सस्पेंड किए जाने की बात सामने आई है।

प्रधानाध्यापक पर छात्रों का मतांतरण कराने का आरोप

हेडमास्टर को पीटने वाले श्रीराम सेना के कार्यकर्ताओं ने प्रधानाध्यापक पर छात्रों का मतांतरण कराने का आरोप लगाया। श्रीराम सेना के राजू खानप्पनवर ने कहा कि हमलोग हेडमास्टर से सवाल करने गए थे, क्योंकि निबंध प्रतियोगिता केवल पैगंबर मोहम्मद पर थी।

नहीं करने देना चाहिए धर्म का प्रचार

खानप्पनवर ने कहा, 'हेडमास्टर का दावा है कि कोई व्यक्ति स्कूल आया और विजेता के लिए पांच हजार रुपये की पेशकश की और वह अनुमति देने के लिए तैयार हो गया। एक शिक्षक के रूप में उन्हें किसी एक धर्म का प्रचार नहीं करने देना चाहिए। वह युवा दिमागों में इस्लाम को बढ़ावा देने का काम कर रहे हैं। इधर, हेडमास्टर अब्दुल मुनफर बीजापुर ने कहा कि मतांतरण संबंधी लगाए गए आरोप गलत हैं। 

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Edited By: Krishna Bihari Singh

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