नई दिल्ली, जागरण ब्यूरो। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) सहित ज्यादातर राज्यों के शिक्षा बोर्ड की 12वीं की परीक्षा रद होने के बाद छात्रों की निगाहें अब जेईई (ज्वाइंट एंट्रेंस एक्जाम) मेंस और नीट (नेशनल एलिजविलिटी कम एंट्रेंस टेस्ट) पर टिकी हैं। फिलहाल इन परीक्षाओं के आयोजन की जो योजना बनाई गई है, उनमें जेईई मेंस की रद की गई तीसरे सत्र की परीक्षा अब 25 जुलाई के आस-पास हो सकती है। वहीं चौथे सत्र की परीक्षा को 15 अगस्त से पहले कराने की तैयारी है।

रद की गई चौथे सत्र की परीक्षा भी अगस्त में कराने की तैयारी

शिक्षा मंत्रालय से जुड़े सूत्रों के अनुसार, जेईई मेंस और नीट कराने की पूरी योजना बन चुकी है। इसका पीएमओ के स्तर पर प्रजेंटेशन भी हो चुका है। कोरोना संक्रमण में थोड़ी और गिरावट आते ही इसका एलान कर दिया जाएगा। ऐसे में उम्मीद है कि अगले हफ्ते तक एलान हो सकता है। खास बात यह है कि जेईई मेंस कंप्यूटर बेस्ड होता है। साथ ही एक सत्र की परीक्षा तीन से चार दिनों तक चलती है, जिसमें छात्रों को अलग-अलग दिनों पर बुलाया जाता है।

संक्रमण की रफ्तार में गिरावट देख एनटीए ने बनाई योजना, नीट थोड़ा बढ़ सकता है आगे

इस बीच नीट को लेकर भी एनटीए ने पूरा खाका खींचा है। इसमें पहले से घोषित एक अगस्त की तारीख को थोड़ा आगे बढ़ाया जा सकता है। इसे अगस्त के अंतिम हफ्ते में या फिर सितंबर के पहले हफ्ते में कराया जा सकता है। यह पूरी परीक्षा पेन-पेपर मोड में होती है और एक ही दिन की होती है। फिलहाल इसे और आगे बढ़ाने के पीछे मकसद कोरोना संक्रमण में और गिरावट होना है। माना जा रहा है कि जिस रफ्तार से संक्रमण में गिरावट दर्ज हो रही है, उनमें सितंबर तक यह बिल्कुल निचले स्तर पर रहेगी। वैसे भी जेईई मेंस से करीब दोगुना छात्र नीट में शामिल होते हैं। पिछले साल नीट में करीब 15 लाख छात्रों ने हिस्सा लिया था।

Edited By: Arun Kumar Singh