यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 10, 2015 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
जागरण फोरम में बोले राजनाथ- भारत जैसी समावेशी राजनीति दुनिया में और कहीं नही
जागरण फोरम के समापन सत्र में केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि भारत जैसी समावेशी राजनीति दुनिया में और कहीं नही। भारतीय समाज में यह भाव निहित है।

नई दिल्ली। जागरण फोरम के समापन सत्र में केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि भारत जैसी समावेशी राजनीति दुनिया में और कहीं नही। भारतीय समाज में यह भाव निहित है। भारत में समावेशी राजनीति ना होती तो देश में इतनी विविधता की कल्पना करना मुश्किल होता। उन्होंने कहा कि इस्लाम को मानने वाले 72 फिरके सिर्फ भारत में ही हैं। भारत ने लोकतंत्र में जो पहचान बनाई ऐसी पहचान किसी अौर देश ने नहीं बना पाया है। उन्होंने कहा कि भारतीय संविधान में समावेश की मूल भावना दिखती है। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी ने शपथ लेने के बाद अपनी पूरी सराकार गरीबों के लिए समर्पित की। मैं अपनी सरकार को देश के गरीब के लिए समर्पित करता हूं ये प्रधानमंत्री नहीं देश की समावेशी भावना बोल रही थी।

राजनाथ सिंह ने कहा कि बिना विपक्ष लोकतंत्र नहीं चल सकता है, विपक्ष से हम सहयोग की उम्मीद करते हैं।उन्होंने कहा कि भारत देश को सशक्त बनाना चाहते है अौर समावेशी भावना लोकतंत्र के लिए जरूरी है। आजकल संसद को बंधक बनाने का प्रयास किया जा रहा है।
समापन सत्र की शुरुअात में दैनिक जागरण के नेशनल ब्यूरो चीफ राज किशोर ने स्वागत किया। राजनाथ ने जनहित जागरण के विजेताओं को पुरस्कार देकर सम्मानित किया।
