नई दिल्ली [जागरण स्पेशल]। क्या आपका खाना आपको पर्याप्त पोषण दे रहा है? दिन में तीन बार खाने के बावजूद ऐसा क्यों होता है कि कोई तंदुरुस्त दिखता है और कोई कमजोर? अगर आप बार-बार बीमार पड़ते हैं, तो हो सकता है कि आप जिस खाने को स्वादिष्ट या हेल्दी समझकर खा रहे हैं, वो खाना आपको पोषक देने की जगह आपको ही खा रहा हो मतलब आपको बीमार कर रहा हो। ऐसे में आपके लिए भी ये जानना जरूरी है कि आप जो भोजन कर रहे हैं, वह आपके लिए कितना फायदेमंद है और कितना नुकसानदेह।

डाइटिशियन मेघा पटनायक के अनुसार इंसान को उसकी आयु के हिसाब से विभिन्नता तरह के पोषण की आवश्यकता होती है। इसस शरीर मजबूत होता है और बीमारियों से लड़ने की भी ताकत मिलती है। अगर पोषण की आवश्यकता पूरी न हो तो शरीर धीरे-धीरे कमजोर होने लगता है। इससे बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। ये शरीर के साथ मानसिक बीमारियों का भी कारण बना सकता है, जो सबसे गंभीर स्थिति है।

यूएस की संस्था नेशनल सेंटर फॉर बॉयोटेक्नोलॉजी इंफॉर्मेशन (NCBI) के आंकड़ों के नजर डालें तो पता चलता है कि भोजन में पोषण की कमी का सबसे ज्यादा खामियाजा बच्चों को भुगतना पड़ता है। पर्याप्त पोषण न मिलने से विकासशील देशों में पांच वर्ष से कम आयु के बच्चों में से 45 फीसद की मौत हो जाती है। संयुक्त राष्ट्र के मुताबिक पोषण की कमी शारीरिक कमजोरी की वजह है। शरीर कमजोर होते ही बीमारियां हमला कर देती हैं।

भोजन में पर्याप्त पोषण न मिलने और उससे होने वाली बीमारियों की वजह से दुनियाभर में प्रतिवर्ष करीब 70 लाख बच्चों की मौत हो जाती है। इन मौतों में से तकरीबन 90 फीसद बच्चे निमोनिया, डायरिया और मलेरिया जैसी बीमारियों का शिकार हो जाते हैं। ऐसे में हमारे लिए ये जानना जरूरी है कि हमें कब, क्या और कितनी मात्रा में खाना चाहिए। ऐसे कई माध्यम हैं, जिनके जरिए इसका पता लगाया जा सकता है।

क्या आपको गैस, कब्ज या पाचन की दिकक्त है?
अगर आपको दस्त, गैस, कब्ज या पाचन संबंधी दिक्कत है तो ये आपके खाने की वजह से हो सकता है। ऐसे में आपको करीब एक महीने के लिए रोटी-पराठा या गेहूं से बना खाद्य पदार्थ खाना बंद कर देना चाहिए। अगर इससे आपको कोई लाभ होता है तो ऐसा ग्लूटेन एलर्जी की वजह से हो सकता है।

गर्भधारण में परेशानी
अगर आप लंबे समय से गर्भधारण की कोशिश कर रही हैं और हर बार विफल हो रही हैं तो इसकी वजह भी ग्लूटेन एलर्जी हो सकती है। इसका असर केवल महिलाओं पर ही नहीं, पुरुषों पर भी उतना ही पड़ता है।

शरीर पर लाल चकत्ते
शरीर पर लाल चकत्ते होना एक आम समस्या है। ऐसा एलर्जी की वजह से हो सकता है। इसका मतलब है कि आपने कुछ ऐसा खाया है, जिसे आपका शरीर पचा नहीं पा रहा या स्वीकार नहीं कर रहा है। ऐसे में चकत्ते होने पर आपको ध्यान से सोचना चाहिए कि आपने हाल-फिलहाल में खानपान में किस तरह का बदलाव किया है। इसके बाद आपने जो बदलाव किया है, कुछ दिनों के लिए उससे दूरी बना लें, फिर देखें इससे कोई फर्क पड़ता है या नहीं।

याददाश्त कमजोर होना
अगर आपकी याददाश्त कमजोर हो रही है और आप चीजों को रखकर या किसी बात को बहुत जल्दी भूल जाते हैं तो ये एक गंभीर समस्या हो सकती है। बात-बात पर असमंजस या ध्यान न लगना भी इसकी निशानी है। इसके लिए आपको डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए। इसकी वजह भी ग्लूटेन एलर्जी हो सकती है।

हाथ-पैर सुन्न पड़ना
बार-बार हाथ पैर का सुन्न पड़ जाना एक समस्‍या है, जो डायबिटीज के मरीजों को ज्यादा परेशान करती है। अगर बाकी के लक्षणों के साथ आपको इस समस्या से भी जूझना पड़ रहा है तो सतर्क हो जाएं। हो सकता है इसकी वजह भी ग्लूटेन एलर्जी ही हो। ऐसे में आपको कुछ दिनों के लिए जौ, बाजरा और कुट्टू के आटे का इस्तेमाल करके देखना चाहिए।

जोड़ों के दर्द की वजह
अंगुलियों, घुटनों और कूल्हों में सूजन व दर्द की वजह भी ग्लूटेन एलर्जी हो सकता है। इस तरह की परेशानी मे भी ग्लूटेन एनर्जी युक्त भोजन का त्याग कर देंखें। इससे आपको आराम मिल सकता है। साथ ही डॉक्टर की सलाह भी अवश्य लें।

सिरदर्द का कारण
तमाम इलाज के बाद भी अगर आपका सिरदर्द या माइग्रेन खत्म नहीं हो रहा तो हो सकता है आपका भोजन इसके लिए जिम्मेदार हो। इस बारे में डॉक्टर की सलाह पर कुछ दिनों के लिए रोटी, ब्रेड व आटे या मैदे से बनी अन्य चीजों का भोजन में इस्तेमाल बंद कर दें। इससे फायदा मिल सकता है, क्योंकि ग्लूटेन एलर्जी वाले ज्यादातर लोगों को ऐसी समस्या होती है।

ध्यान न लगा पाना
अगर आप ज्यादा समय के लिए एक जगह ध्यान नहीं लगा पाते हैं तो आप अटेंशन डेफिसिट हाइपर एक्टिविटी डिसऑर्डर (ADHD) के शिकार हो सकते हें। बच्चों में अक्सर ये देखने को मिलता है। क्लास में ध्यान न लगा पाना इसका सबसे अच्छा संकेत हो सकता है। इसकी वजह भी ग्लूटेन एलर्जी हो सकता है। स्वस्थ जीवन जीने के लिए बचपन में ही इसका पता लगना जरूरी है।

क्या आप हमेशा थकावट महसूस करते हैं
अगर सही से खाना खाने के बाद भी आपको चक्कर आता है, सिर भारी रहता है या आप थका हुआ महसूस करते हैं तो इसकी वजह भी ग्लूटेन एलर्जी हो सकता है। ऐसे में आपको अपनी जांच करानी चाहिए। अगर ब्लड प्रेशर या खून की कमी इसकी वजह नहीं है तो ग्लूटेन एलर्जी भी चेक करा लें।

अवसाद की वजह
डिप्रेशन या अवसाद या तनाव की वैसे तो कई वजहें हो सकती हैं, लेकिन ये आपके गैर पौष्टिक भोजन की वजह से भी हो सकता है। ऐसे में जरूरी है कि इस तरह के भोजन से निजात पाई जाए। जानकारों के अनुसार अगर आपको उपर्युक्त समस्याओं में से कुछ लक्ष्ण दिखते हैं तो आपको तुरंत डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।

Posted By: Amit Singh

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप