श्रीनगर, पीटीआइ। जम्मू कश्मीर से अनुच्छेद 370 को हटाए जाने के बाद से धीरे-धीरे सब कुछ सामान्य हो रहा है। घाटी के विकास लिए सरकार की तरफ से सभी तरह के कार्य किए जा रहे हैं। जम्मू कश्मीर में अधिक निवेशकर्ता निवेश करें, इस ओर भी कार्य किया जा रहा है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि राज्य में पर्यटन, हस्तशिल्प, रेशम, केसर और सेब के उत्पादन जैसे क्षेत्रों में निवेशकों के लिए संभावित क्षेत्र की सूची बनाई जा रही है। सीतारमण ने बुधवार को आइएमएफ(IMF) मुख्यालय में निवेशकों के साथ एक संवादात्मक सत्र के दौरान एक सवाल का जवाब देते हुए यह जानकारी दी।

इस कार्यक्रम का आयोजन फेडरेशन ऑफ इंडियन चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री( Federation of Indian Chambers of Commerce)और यूएस इंडिया स्ट्रेटेजिक एंड पार्टनरशिप फोरम के (Industry and US India Strategic and Partnership Forum) तहत किया गया। इस दौरान निर्मला सीतारमण ने कहा कि जम्मू कश्मीर के विकास के लिए विशेष ध्यान दिया जा रहा है। इसके लिए सभी क्षेत्रों में अलग-अलग कार्य किए जा रहे हैं।

इस कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय मंत्री निर्मला सीतारमण ने जम्मू-कश्मीर में पर्यटन, ललित कला, हस्तशिल्प, लकड़ी का काम, कालीन, रेशम, केसर और सेब के उत्पादन जैसे विभिन्न क्षेत्रों में काम करने की बात कही। इस दौरान उन्होंने कहा कि मुझे लगता है कि जल्द ही इसका विवरण (नई नीति) उपलब्ध हो जाएगी।

निर्मला सीतारमण ने कहा कि जम्मू कश्मीर से 5 अगस्त को अनुच्छेद 370 हटाने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने घाटी में विकास के लिए अलग-अलग क्षेत्रों में काम करने की बात कही थी।

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Posted By: Pooja Singh

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