भारत 38वां सबसे नवाचारी देश, स्विट्जरलैंड लगातार 16वें साल शीर्ष पर
नए विचारों को उपयोगी उत्पादों, तकनीक और कारोबार में बदलने की क्षमता के मामले में भारत दुनिया की 38वीं सबसे नवाचारी अर्थव्यवस्था है।

भारत 38वां सबसे नवाचारी देश, स्विट्जरलैंड लगातार 16वें साल शीर्ष पर
HighLights
स्विट्जरलैंड लगातार 16वें साल शीर्ष पर, दक्षिण कोरिया और सिंगापुर एशिया के अग्रणी देश, चीन 10वें नंबर पर
नवाचार के नतीजों में भारत 25वें स्थान पर, लेकिन शोध, बुनियादी ढांचे और संस्थागत व्यवस्था में सुधार की जरूरत
जागरण न्यूज नेटवर्क, नई दिल्ली। नए विचारों को उपयोगी उत्पादों, तकनीक और कारोबार में बदलने की क्षमता के मामले में भारत दुनिया की 38वीं सबसे नवाचारी अर्थव्यवस्था है। विश्व बौद्धिक संपदा संगठन (डब्ल्यूआइपीओ) के वैश्विक नवाचार सूचकांक 2026 में भारत ने यह स्थान हासिल किया है।
हालांकि, पिछले साल भी भारत 38वें स्थान पर था। इस सूचकांक में स्विट्जरलैंड लगातार 16वें वर्ष पहले स्थान पर रहा, जबकि स्वीडन और अमेरिका क्रमशः दूसरे और तीसरे स्थान पर हैं।
चीन 10वें, जापान 12वें और मलेशिया 34वें स्थान पर है। कुल 139 अर्थव्यवस्थाओं की इस रैंकिंग में भारत दक्षिण और मध्य एशिया में सबसे आगे है।
स्विट्जरलैंड सबसे आगे, एशिया में दक्षिण कोरिया और सिंगापुर की मजबूत स्थिति
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, सूचकांक के शीर्ष सात देशों में यूरोप, अमेरिका और एशिया की अर्थव्यवस्थाएं शामिल हैं। स्विट्जरलैंड 66.7 अंकों के साथ पहले स्थान पर है। उसके बाद स्वीडन (63.2 अंक), अमेरिका (62.3), दक्षिण कोरिया (61.4), सिंगापुर (61.0), ब्रिटेन (59.6) और नीदरलैंड (58.4) हैं। दक्षिण कोरिया चौथे और सिंगापुर पांचवें स्थान पर हैं।
चीन 10वें स्थान पर पहुंचकर उच्च-मध्यम आय वाली अर्थव्यवस्थाओं में सबसे आगे है। जापान 12वें स्थान पर है। नतीजों में आगे, लेकिन बुनियादी कमजोरियां चुनौतीभारत की सबसे उल्लेखनीय बात यह है कि नवाचार से जुड़े संसाधनों के मुकाबले उसके नतीजे बेहतर हैं।
डब्ल्यूआइपीओ के अनुसार, भारत नवाचार के लिए जरूरी संसाधनों और व्यवस्थाओं के मामले में 49वें स्थान पर है, जबकि नवाचार के नतीजों में 25वें स्थान पर है।
इससे पता चलता है कि सीमित संसाधनों के बावजूद देश शोध और तकनीक को उपयोगी परिणामों में बदलने में अपेक्षाकृत बेहतर प्रदर्शन कर रहा है।
कारोबार में नवाचार, बुनियादी ढांचे और संस्थागत व्यवस्था में कमजोरियां बनी हुई हैं। इन क्षेत्रों में भारत की रैंकिंग क्रमशः 63वीं, 62वीं और 60वीं है।
ग्लोबल इनोवेशन इंडेक्स (जीआइआई) विश्व बौद्धिक संपदा संगठन (डब्ल्यूआईपीओ) द्वारा जारी की जाने वाली वार्षिक रैंकिंग है। इसमें शोध, तकनीक, शिक्षा, बुनियादी ढांचे और नए उत्पादों-विचारों को विकसित करने की क्षमता जैसे मानकों के आधार पर देशों के नवाचार प्रदर्शन का आकलन किया जाता है।
