भारत बिम्सटेक के साथ आतंकवाद और संगठित अपराध से निपटने को प्रतिबद्ध, बोले अमित शाह
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने घोषणा की कि भारत आतंकवाद, संगठित अपराध और मादक पदार्थों की तस्करी से निपटने के लिए बिम्सटेक देशों के साथ सहयोग बढ़ाएगा।

आतंकवाद और तस्करी से निपटने को बिम्सटेक सहयोग मजबूत करेगा भारत।
HighLights
भारत आतंकवाद, संगठित अपराध और मादक पदार्थों से लड़ेगा।
बिम्सटेक देशों के साथ सहयोग बढ़ाने को प्रतिबद्ध।
क्षेत्रीय समन्वय मजबूत कर आपराधिक नेटवर्क से मुकाबला।
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मंगलवार को कहा कि भारत आतंकवाद, संगठित अपराध और मादक पदार्थों की तस्करी से निपटने के लिए बिम्सटेक देशों के साथ सहयोग बढ़ाने और समझौते को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए प्रतिबद्ध है।
उन्होंने कहा कि अपराधी नेटवर्क अब राष्ट्रीय सीमाओं से परे काम कर रहे हैं और स्थानीय कमजोरियों का फायदा उठाते हैं। ऐसे में इनसे निपटने के लिए क्षेत्रीय समन्वय मजबूत करना जरूरी है।
बिम्सटेक (बे ऑफ बंगाल इनिशिएटिव फॉर मल्टी-सेक्टोरल टेक्निकल एंड इकोनॉमिक कोऑपरेशन) के सात सदस्य देशों के गृह मंत्रियों की पहली बैठक को संबोधित करते हुए शाह ने कहा कि बदलते आपराधिक नेटवर्कों से मुकाबले के लिए सदस्य देशों को अपने सहयोग को व्यावहारिक रूप देना होगा। इससे न केवल आम नागरिकों की सुरक्षा मजबूत होगी, बल्कि कानून लागू करने वाली एजेंसियों की क्षमता भी बढ़ेगी।
शाह ने कहा कि बिम्सटेक के गृह मंत्रियों की पहली बैठक की मेजबानी करना भारत के लिए गर्व की बात है। यह संगठन क्षेत्रीय एकीकरण, आर्थिक सहयोग और सामूहिक सुरक्षा के लिए अहम मंच बन चुका है। उन्होंने आतंकवाद, सीमापार संगठित अपराध, मादक पदार्थों, कट्टरपंथ, मानव तस्करी, अवैध वित्तीय लेनदेन और साइबर खतरों से निपटने के लिए साझा संकल्प की जरूरत बताई।
शाह ने छठे बिम्सटेक शिखर सम्मेलन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की टिप्पणी का उल्लेख करते हुए कहा कि अब सहयोग को ऐसी व्यावहारिक व्यवस्था में बदलने की जरूरत है, जिससे नागरिकों की सुरक्षा और कानून प्रवर्तन एजेंसियों की क्षमता बढ़े।
गृह मंत्री ने कहा कि निर्णायक समन्वय के जरिए बिम्सटेक क्षेत्र को अधिक सुरक्षित बनाया जा सकता है। उनके मुताबिक, सदस्य देशों के बीच बेहतर तालमेल से उन आपराधिक गतिविधियों पर लगाम लगाने में मदद मिलेगी, जिनका संचालन एक देश से दूसरे देश तक फैले नेटवर्क करते हैं।
बिम्सटेक में दुनिया की आबादी का लगभग 22 प्रतिशत
बिम्सटेक में भारत, बांग्लादेश, भूटान, नेपाल, श्रीलंका, म्यांमार और थाईलैंड शामिल हैं। यह समूह दक्षिण एशिया और दक्षिण-पूर्व एशिया के देशों को जोड़ता है। इसके क्षेत्र में करीब 1.7 अरब लोग रहते हैं, जो दुनिया की आबादी का लगभग 22 प्रतिशत हैं। क्षेत्र की अर्थव्यवस्थाओं का कुल सकल घरेलू उत्पाद करीब पांच लाख करोड़ डालर बताया गया है।
बैठक का मुख्य उद्देश्य सीमापार सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए सदस्य देशों के बीच समन्वय बढ़ाना और साझा कार्रवाई को प्रभावी बनाना है।
(समाचार एजेंसी एएनआई के इनपुट के साथ)
