नई दिल्ली, प्रेट्र। केंद्र सरकार ने योजना बनाई है कि 60 साल की आयु के बाद निर्माण मजदूरों को एक हजार रुपये पेंशन और जीवन बीमा के साथ अन्य सुविधाएं भी दी जाएं। इस आशय का ड्राफ्ट प्लान तैयार करके श्रम मंत्रालय के पोर्टल पर डाला गया है। आम जन से इस पर प्रतिक्रिया मांगी गई है। अंतिम तिथि 21 मई है।

ध्यान रहे कि सुप्रीम कोर्ट ने इसी साल 19 मार्च व सात मई को सुनवाई में सरकार को जमकर फटकार लगाई थी। कोर्ट का कहना था कि केंद्र ने निर्माण मजदूरों के कल्याण की मद में 42 हजार करोड़ रुपये जमा तो कर लिए हैं, लेकिन उनके हितों को साधने के लिए कुछ नहीं किया जा रहा है। हालांकि इसमें से 12 हजार करोड़ रुपये खर्च किए जा चुके हैं, लेकिन कैग की रिपोर्ट थी कि इस पैसे से लैपटॉप खरीदने का काम किया गया।

केंद्र ने जो योजना बनाई है उसमें 171 रुपये का प्रीमियम केंद्र व राज्य देंगे। मजदूरों को प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना व प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना के तहत कवर किया जाएगा। प्राकृतिक मौत होने पर मजदूर को दो लाख व हादसे में मौत होने पर चार लाख रुपये मिलेंगे। अक्षमता की स्थिति में भी उसे लाभ दिए जाएंगे।

मॉडल स्कीम के तहत पांच लाख रुपये तक की उपचार सुविधा उन्हें मिलेगी तो दो बच्चों को 9वीं से 12वीं के लिए तीन हजार रुपये सालाना तो उच्च शिक्षा के लिए 12 हजार रुपये सालाना मिलेंगे। पेंशन के लिए उन्हें कम से कम पांच साल की अवधि का रजिस्ट्रेशन फैमिली वेलफेयर बोर्ड में दिखाना होगा।

By Sanjeev Tiwari