नई दिल्ली, आइएएनएस। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने मिश्रित डोज वाली यानी फिक्सड डोज काम्बिनेशन (एफडीसी) की 328 दवाओं के उत्पादन, वितरण और बिक्री पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है। मंत्रालय ने कुछ खास हालात में छह अन्य एफडीसी दवाओं के उत्पादन, वितरण और बिक्री पर भी प्रतिबंध लगाया है।

मंत्रालय ने बुधवार को जारी अपने बयान में बताया है कि एफडीसी का अर्थ दवा की एक खुराक में दो या उससे अधिक दवाइयों का एक तय अनुपात में मिश्रण होता है। दरअसल, केंद्र सरकार ने मार्च 2016 में ही 349 एफडीसी दवाओं की बिक्री और वितरण पर रोक लगा दी थी। लेकिन सरकार के इस फैसले को दवा निर्माताओं ने हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी।

लिहाजा, दिसंबर 2017 को सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर ड्रग्स टेक्निकल एडवाइजरी बोर्ड (डीटीएबी) ने मामले का अध्ययन किया और केंद्र को दी अपनी रिपोर्ट में एफडीसी पर यह कहते हुए प्रतिबंध लगाने की सिफारिश की कि दवा की सामग्री का कोई नैदानिक तर्क नहीं है। साथ ही यह एफडीसी दवाएं मानव स्वास्थ्य के लिए खतरा भी हो सकती हैं। इससे पहले, केंद्र की नियुक्त की हुई विशेषज्ञ कमेटी ने भी ऐसी ही सिफारिशें की थीं। लिहाजा, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने एक गजट अधिसूचना के जरिए एफडीसी पर प्रतिबंध लगा दिया।

Posted By: Ravindra Pratap Sing