जयपुर [ एजेंसी ]। पाकिस्तान की कोट लखपत जेल में बंद जयपुर के गजानंद शर्मा 13 अगस्त को रिहा हो सकते हैं। वह 36 वर्ष पहले लापता हो गए थे और इस वर्ष मई माह में उनके पाकिस्तान जेल में बंद होने के बारे में पता चला था। गजेंद्र ने साल 1982 में जब अपना घर छोड़ा था, तब वह 40 साल के थे। 36 वर्ष से इंतजार कर रहीं उनकी पत्नी और परिवार से 20 अगस्त तक उनका मिलना हो सकता है।

गजानंद शर्मा की पत्नी मखनी देवी और बेटे मुकेश ने गुरुवार को दिल्ली में विदेश राज्यमंत्री वीके सिंह से मुलाकात की थी। गजानंद के परिवार के साथ जयपुर से भाजपा सांसद रामचरण बोहरा और विधायक सुरेंद्र पारीक भी थे। इस मुलाकात के बाद सांसद रामचरण बोहरा व गजानंद के बेटे मुकेश ने बताया कि विदेश राज्यमंत्री वीके सिंह ने मखनी देवी से कहा कि गजानंद के 13 अगस्त को पाक जेल से रिहा होने की संभावना है।

इसके बाद तीन-चार दिन दूतावास की कार्रवाई पूरी होने में लगेंगे। विधायक सुरेंद्र पारीक ने बताया कि हम काफी समय से गजानंद शर्मा की रिहाई के प्रयास कर रहे थे। विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने भी इसके लिए प्रयास किए थे। अब इस मामले में सफलता मिल रही है। करीब 20 अगस्त तक उनके हिंदुस्तान आने की उम्मीद है।

पुलिस सत्यापन के लिए रिकार्ड आया तो चला पता

गजानंद शर्मा का परिवार जयपुर में फतेहराम का टीबा, नाहरगढ़ थाना क्षेत्र में रहता है। वह 36 वर्ष पहले लापता हो गए थे। इसी वर्ष मई माह में उनकी भारतीय नागरिकता के सत्यापन संबंधी दस्तावेज राजस्थान के गृह विभाग में आए और यहां से इन्हें स्थानीय थाने पर भेजा गया तो परिवार को पता चला कि गजानंद पाकिस्तान जेल में बंद हैं।

यह खबर सुनते ही गजानंद के आने की उम्मीद छोड़ चुके परिवार ने उन्हें वापस लाने के लिए हर संभव प्रयास शुरू कर दिए। उनकी पत्नी और उनके परिवार ने मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे से लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तक को पत्र लिखे। आज गजानंद शर्मा की उम्र करीब 68 वर्ष हो गई है।

अब पिता का चेहरा देख पाऊंगा

गजानंद की रिहाई की खबर सुनते ही उनके जयपुर स्थित घर में खुशी की लहर दौड़ गई है। गजानंद की पत्नी मखनी देवी ने भी पाकिस्तान के फैसले पर खुशी जाहिर की है। उनके बेटे मुकेश का कहना है-भगवान ने हमारी सुन ली। अब पिता का चेहरा देख पाऊंगा।

Posted By: Ramesh Mishra