नई दिल्‍ली, ब्‍यूरो/एजेंसी। देश के अधिकतर हिस्सों में बाढ़ से हालात बेकाबू हैं। बिहार और असम में स्थिति बेहद खराब है। दोनों ही राज्‍यों में 59 लाख लोग बाढ़ की चपेट में हैं। बाढ़ से 10 लाख लोग विस्‍थापन के शिकार हुए हैं जबकि 20 हजार लोगों ने राहत शिविरों में शरण ले रखी है। बिहार के 13 जिलों में 33 लाख से ज्‍यादा लोग बाढ़ की चपेट में हैं। वहीं असम के 28 जिलों में बाढ़ की वजह से करीब 26 लाख लोग प्रभावित हैं। असम में हालात इतने खराब हैं कि राज्‍य सरकार को राहत और बचाव कार्य के लिए सेना बुलानी पड़ी है। बिहार में बाढ़ से अब तक 46 लोगों की मौत हो चुकी है। 

उत्‍तराखंड में भारी बारिश की चेतावनी 
मौसम विभाग ने उत्‍तराखंड के देहरादून, हरिद्वार, पुरी, नैनीताल, पिथौरागढ़ और उधमसिंह नगर में अगले 24 घंटों के दौरान भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। मध्‍य प्रदेश के 18 जिलों में मंगलवार को गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। वहीं जम्मू- श्रीनगर में अगले छह दिन तक हल्की से तेज बारिश होने की भविष्‍यवाणी की गई है। उधर राजस्थान में लोगों को भी बारिश का इंतजार है। झारखंड के ज्यादातर जिलों में सोमवार को धूप खिली रही। ज्यादातर जिलों में अगले चार दिनों तक मध्यम बारिश हो सकती है।

असम में 28 जिलों के 3181 गांव घिरे 
असम में बाढ़ग्रस्त इलाकों में लोगों को पीने के पानी तक के लिए दुश्वारियों का सामना करना पड़ रहा है। राज्‍य के अधिकांश हिस्‍सों में हैंडपंप, कुओं में बाढ़ का पानी घुस गया है। राज्‍य के 28 जिलों के 3181 गांव बाढ़ के पानी से घिर गए हैं। राज्‍य में 90,000 हेक्टेयर कृषि भूमि बाढ़ के पानी की चपेट में है जबकि 10 लाख से ज्यादा पशु प्रभावित हुए हैं। एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमें राहत और बचाव में जुटी हुई हैं। कई जिलों में राहत और बचाव कार्य के लिए सेना बुलानी पड़ी है।

बिहार में हाल बेहाल 
बिहार में बाढ़ के पानी से बचने के लिए लोगों का पलायन जारी है। वहीं राहत और बचाव में देरी से लोगों में रोष भी है। सीतामढ़ी में शहर में बाढ़ का पानी घुस गया है। लोग हाईवे, प्रमुख सड़क, स्कूल और रेलवे पटरी पर तंबू लगा कर जैसे-तैसे रह रहे हैं। शिवहर, पूर्वी चंपारण और पड़ोसी देश नेपाल से सड़क संपर्क टूट गया है। मोतिहारी की सभी नदियां उफान पर हैं। मधुबनी में बाढ़ की स्थिति सोमवार को भी भयावह रही। कमला बलान, कोसी व अन्य नदियों के जलस्तर में तेजी है। दरभंगा में कमला नदी का तटबंध टूटने के बाद सोमवार को जिले के नए हिस्सों को भी बाढ़ के पानी ने अपनी चपेट में ले लिया।

हरियाणा में भी जनजीवन बेहाल 
बारिश के कारण हरियाणा के अंबाला, कुरुक्षेत्र, सोनीपत, झज्जर, करनाल और यमुनानगर जिलों में भी जनजीवन बेहाल हो गया है। पंजाब में आने वाले चार दिनों में जोरदार बारिश की संभावना है। उत्‍तर प्रदेश में कई जिलों में नदियों का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर पहुंच गया है। आबादी पर बाढ़ और कटान का संकट गहरा गया है। अरुणाचल प्रदेश और सिक्किम में बारिश से भूस्‍खलन का खतरा बना हुआ है। असम में कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि भाजपा नीत राज्य सरकार बाढ़ से उत्पन्न स्थिति से निपटने में विफल रही है। दिल्ली में सोमवार को जोरदार बारिश हुई।  

Posted By: Krishna Bihari Singh