28 सितंबर से प्रस्तावित बैंक हड़ताल पर केंद्र सख्त, वित्त मंत्रालय ने बुलाई इमरजेंसी मीटिंग; बैंकिंग सेवाएं चालू रखने पर मंथन
वित्त मंत्रालय ने 28 सितंबर से प्रस्तावित तीन दिवसीय राष्ट्रव्यापी बैंक हड़ताल से पहले तैयारियों की समीक्षा के लिए सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों और अन्य अधिकारियों की बैठक बुलाई है।

राष्ट्रव्यापी बैंक हड़ताल से पहले वित्त मंत्रालय ने बुलाई अहम बैठक
HighLights
वित्त मंत्रालय ने बैंक हड़ताल से पहले समीक्षा बैठक बुलाई।
28 सितंबर से तीन दिवसीय राष्ट्रव्यापी बैंक हड़ताल प्रस्तावित है।
हड़ताल से लगातार पांच दिन बैंकिंग सेवाएं प्रभावित होंगी।
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। वित्त मंत्रालय ने 28 सितंबर से प्रस्तावित तीन दिवसीय राष्ट्रव्यापी बैंक हड़ताल से पहले तैयारियों और आपातकालीन योजनाओं की समीक्षा के लिए सोमवार को सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों (पीएसबी), क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों (आरआरबी), इंडियन बैंक्स एसोसिएशन (आइबीए) और अधिकारियों की बैठक बुलाई है।
वित्तीय सेवा विभाग के सचिव की अध्यक्षता में होने वाली इस बैठक में हड़ताल के दौरान बैंकिंग कामकाज जारी रखने और ग्राहकों के लिए आवश्यक सेवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के उपायों पर चर्चा होने की उम्मीद है।हड़ताल का आह्वान यूनाइटेड फोरम आफ बैंक यूनियंस (यूएफबीयू) ने किया है। यूएफबीयू बैंक कर्मचारी और अधिकारी यूनियनों का संयुक्त संगठन है।
पांच दिवसीय बैंकिंग सप्ताह लागू करने समेत कई मांगों को लेकर यूएफबीयू ने 11 सितंबर को भी राष्ट्रव्यापी हड़ताल की थी। इससे देश के कई हिस्सों में बैंक सेवाएं प्रभावित हुई थीं।
28 सितंबर से प्रस्तावित हड़ताल से अधिक असर पड़ सकता है क्योंकि 26 और 27 सितंबर को सप्ताहांत है। नतीजतन, 26 से 30 सितंबर तक लगातार पांच दिनों तक बैंक का कामकाज प्रभावित हो सकता है।
(न्यूज एजेंसी आईएएनएस के इनपुट के साथ)
