Ex-ISRO चीफ, IIT डायरेक्टर, पूर्व शिक्षा सचिव... जानिए नंदन नीलेकणि की टीम के सभी बड़े नाम
केंद्र सरकार ने नीट-यूजी पेपर लीक विवाद के बाद NTA परीक्षाओं में सुधार के लिए एक उच्च-स्तरीय टास्क फोर्स का गठन किया है।

टास्क फोर्स में देश के 6 प्रमुख विशेषज्ञ शामिल

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डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने नेशनल टेस्टिंग एजेंसी यानी NTA द्वारा आयोजित होने वाली परीक्षाओं में सुधार के लिए एक हाई-पावर टास्क फोर्स का गठन किया है। रविवार को यह फैसला नीट-यूजी पेपर लीक को लेकर उपजे विवाद के चलते शिक्षा मंत्री के इस्तीफे के बाद लिया गया है।
इस टास्क फोर्स की अध्यक्षता टेक्नोलॉजी के जाने-माने विशेषज्ञ और इंफोसिस के सह-संस्थापक नंदन नीलेकणि करेंगे।
सरकार का मकसद परीक्षा प्रणाली को पहले से ज्यादा पारदर्शी, सुरक्षित और टेक्नोलॉजी पर आधारित बनाना है। सरकार की ओर से गठित की गई इस टास्क फोर्स में देश के 6 प्रमुख विशेषज्ञों को शामिल किया गया है।
इन एक्सपर्ट्स को किया गया है शामिल
इस टास्क फोर्स में इसरो के पूर्व चेयरमैन एस. सोमनाथ, इंटेलिजेंस ब्यूरो के पूर्व डायरेक्टर तपन डेका, आईआईटी मद्रास के डायरेक्टर वी. कामकोटि, पूर्व शिक्षा सचिव अनीता करवाल और लॉजिस्टिक्स के विशेषज्ञ अमृत लाल मीणा शामिल हैं। यह पैनल शिक्षा, विज्ञान, सुरक्षा, टेक्नोलॉजी और प्रशासन के सभी अहम क्षेत्रों का प्रतिनिधित्व करता है।
टास्क फोर्स को पूरी परीक्षा प्रक्रिया को बेहतर बनाने की जिम्मेदारी दी गई है। यह पैनल साइबर सुरक्षा को मजबूत करने, लॉजिस्टिक्स की योजना बेहतर करने और परीक्षा के संचालन में संरचनात्मक बदलाव लाने के सुझाव देगा। इसका मुख्य काम यह सुनिश्चित करना है कि भविष्य में होने वाली राष्ट्रीय स्तर की प्रवेश परीक्षाओं में कोई गड़बड़ी न हो और छात्रों का सिस्टम पर भरोसा बना रहे।
