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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 04, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

NCP नेता हसन मुश्रीफ के सहयोगी चंद्रकांत मधुकर को ED का समन, चीनी मिल मामले में पूछताछ के लिए बुलाया

By AgencyEdited By: Mohd Faisal
Published: Tue, 04 Apr 2023 08:30 AM (IST)

चीनी मिल भ्रष्टाचार मामले में महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री और NCP नेता हसन मुश्रीफ के सहयोगी चंद्रकांत मधुकर गायकवाड़ को ...और पढ़ें

NCP नेता हसन मुश्रीफ के सहयोगी चंद्रकांत मधुकर को ED का समन (फाइल फोटो)
NCP नेता हसन मुश्रीफ के सहयोगी चंद्रकांत मधुकर को ED का समन (फाइल फोटो)

नई दिल्ली, एजेंसी। चीनी मिल भ्रष्टाचार मामले में महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री और NCP नेता हसन मुश्रीफ के सहयोगी चंद्रकांत मधुकर गायकवाड़ को ईडी ने पूछताछ के लिए बुलाया है। समाचार एजेंसी एएनआइ ने जांच एजेंसी के हवाले से बताया कि ईडी ने चीनी मिल भ्रष्टाचार मामले में NCP नेता हसन मुश्रीफ के सहयोगी चंद्रकांत मधुकर गायकवाड़ को बुधवार को पूछताछ के लिए पेश होने के लिए समन भेजा है।

महाराष्ट्र चीनी मिल मामले को लेकर ED ने की थी कार्रवाई

बता दें कि एक दिन पहले ही महाराष्ट्र चीनी मिल मामले को लेकर ईडी ने कार्रवाई की थी। ईडी द्वारा महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री और एनसीपी नेता हसन मुश्रीफ के करीबी सहयोगी और व्यापारिक साझेदार के कार्यालय में तलाशी ली गई थी। ईडी ने शुगर मिल मामले को लेकर पुणे में कई जगहों पर तलाशी अभियान चलाया था।

क्या है मामला

दरअसल, भाजपा के पूर्व सांसद किरीट सोमैया ने NCP नेता हसन मुश्रीफ पर एक सहकारी चीनी मिल में 100 करोड़ रुपये की अनियमितता और 127 करोड़ रुपये के मनी-लॉन्ड्रिंग घोटाले में शामिल होने का आरोप लगाया है। सोमैया ने दावा किया है कि मुश्रीफ ने कथित तौर पर अप्पासाहेब नलवाडे गढ़िंगलाज कोऑपरेटिव शुगर मिल लिमिटेड के कंट्रोल को अपने कब्जे में ले लिया, जिसमें भारी भुगतान किया गया था और संदिग्ध लेन-देन के माध्यम से भारी मात्रा में मनी-लॉन्ड्रिंग की गई थी, जिससे उन्हें, उनके परिवार या सहयोगियों को लाभ हुआ था।

हसन मुश्रीफ ने किरीट सोमैया के दावों को नकारा

हालांकि, NCP नेता हसन मुश्रीफ ने BJP नेता किरीट सोमैया के आरोपों का खंडन किया था और कहा कि एक विशेष समुदाय के लोगों को निशाना बनाया जा रहा है। गौरतलब है कि अनिल देशमुख और नवाब मलिक के बाद हसन मुश्रीफ एनसीपी के तीसरे वरिष्ठ नेता हैं, जिन पर पिछले कुछ सालों में विभिन्न जांच एजेंसियों द्वारा कार्रवाई की गई है।