'बच्चों के अधिकारों के उल्लंघन पर कार्रवाई की निगरानी करे NCPCR', उत्पीड़न के मामलों में सीआईसी की दो टूक
केंद्रीय सूचना आयोग (सीआईसी) ने राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग (एनसीपीसीआर) को बच्चों के अधिकारों के उल्लंघन पर केवल शिकायतें भेजने के बजाय प्रभावी निगरानी करने का निर्देश दिया है।

सीआईसी का एनसीपीसीआर को निर्देश

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डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। केंद्रीय सूचना आयोग (सीआईसी) ने कहा है कि राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग (एनसीपीसीआर) केवल शिकायतें संबंधित अधिकारियों को भेजकर उनके जवाब का इंतजार नहीं कर सकता, बल्कि उसे बच्चों के अधिकारों के कथित उल्लंघन पर की गई कार्रवाई की प्रभावी निगरानी भी करनी होगी।
सूचना आयुक्त पी.आर. रमेश ने कर्नाटक के गुलबर्गा स्थित एक स्कूल में दिव्यांग बच्चों के शारीरिक उत्पीड़न से जुड़ी शिकायत पर सुनवाई के दौरान यह टिप्पणी की।
शिकायत में आरोप लगाया गया था कि सुनने और बोलने में अक्षम बच्चों के साथ शिक्षक और कर्मचारी क्रूर व्यवहार करते थे। साथ ही, उन्हें सांकेतिक भाषा में पर्याप्त शिक्षा नहीं दिए जाने की बात भी कही गई थी। सूचना का अधिकार (आरटीआई) आवेदन के जवाब में एनसीपीसीआर ने बताया था कि वह जिलाधिकारी की कार्रवाई रिपोर्ट का इंतजार कर रहा है।
आयोग ने पाया कि संबंधित अधिकारियों को भेजे गए पत्रों में शिकायत पर ठोस कार्रवाई का पर्याप्त विवरण नहीं था। सीआईसी ने कहा कि बच्चों के अधिकारों की रक्षा के लिए गठित वैधानिक संस्था को शिकायतों पर गंभीरता से कार्रवाई करनी चाहिए।
(न्यूज एजेंसी पीटीआई के इनपुट के साथ)
