CCPA ने कसा शिकंजा: ऑनलाइन शॉपिंग प्लेटफॉर्म्स की मनमानी पर लगेगी लगाम, भ्रामक जानकारी दी तो होगी कार्रवाई
केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (सीसीपीए) ने ऑनलाइन शॉपिंग प्लेटफॉर्म्स की जवाबदेही तय की है, जिससे भ्रामक जानकारी देने पर कार्रवाई होगी।

ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर भ्रामक विज्ञापनों पर होगी कार्रवाई

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अरविंद शर्मा, नई दिल्ली। ऑनलाइन कारोबार में कई प्लेटफॉर्म खुद तो सामान नहीं बेचते, लेकिन उत्पादों का विज्ञापन करते हैं। वे उनकी खूबियां बढ़ा-चढ़ाकर बताते हैं और ग्राहकों को विक्रेताओं से जोड़ते हैं। उत्पाद में गड़बड़ी होने की सूरत में ऐसे प्लेटफॉर्म अक्सर जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ लेते हैं, मगर उपभोक्ता संरक्षण कानून के तहत अब उनकी भूमिका एवं जवाबदेही भी तय होगी।
उत्पाद के बारे में दी गई जानकारी यदि ग्राहकों को गुमराह करने वाली है तो प्लेटफार्म सिर्फ यह कहकर नहीं बच सकते कि भुगतान उनकी वेबसाइट पर नहीं हुआ।
केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (सीसीपीए) ने ऑनलाइन कारोबारी प्लेटफॉर्मों को निर्देश दिया है कि वे उत्पादों की सही जानकारी, जरूरी प्रमाणपत्रों और इस्तेमाल की शर्तों के बारे में स्पष्ट बताएं। नहीं तो नियमों के उल्लंघन पर कार्रवाई हो सकती है।
इसी सिलसिले में सीसीपीए ने वाकी-टाकी का प्रचार करने वाली कंपनी होगार टेक्नोलाजीज एंड इनोवेशंस एलएलपी पर ग्राहकों को गुमराह करने के मामले में एक लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। कंपनी अपनी वेबसाइट पर वाकी-टाकी का विज्ञापन तो करती थी, लेकिन वहां सीधे भुगतान या ऑनलाइन खरीद की सुविधा नहीं थी।
सीसीपीए की मुख्य आयुक्त निधि खरे को शिकायत मिलने के बाद मामले की जांच की गई। इसमें पाया गया कि वेबसाइट पर उत्पाद के बारे में पूरी जानकारी नहीं दी गई थी। वाकी-टाकी में यह बताना जरूरी था कि उपकरण किस फ्रीक्वेंसी पर काम करता है और उसके इस्तेमाल के लिए लाइसेंस या अन्य मंजूरी की जरूरत है या नहीं।
निर्धारित 446.0 से 446.2 मेगाहर्ट्ज बैंड में काम करने वाले पात्र उपकरणों को लाइसेंस से छूट मिल सकती है, लेकिन प्रमाणन संबंधी शर्तों का पालन करना फिर भी जरूरी है।
ऑनलाइन प्लेटफॉर्मों पर इलेक्ट्रानिक्स, घरेलू उपकरणों, खिलौनों और रोजमर्रा के इस्तेमाल की हजारों वस्तुएं उपलब्ध हैं। ग्राहकों के लिए खरीदारी से पहले हर उत्पाद की तकनीकी विशेषताओं, गुणवत्ता और कानूनी शर्तों की अलग-अलग जांच करना आसान नहीं है। वे वेबसाइट पर दी गई जानकारी पर भरोसा करते हैं।
ऐसे में कीमत, क्षमता, इस्तेमाल की शर्तों और अन्य जरूरी पहलुओं की सही-सही जानकारी देना महत्वपूर्ण है। किसी अहम शर्त को छिपाने से ग्राहक गलत निर्णय ले सकता है।
हालांकि, इसका मतलब यह नहीं है कि हर उत्पाद के लिए वेबसाइट स्वत: जिम्मेदार होगी। लेकिन ग्राहकों को आकर्षित करने वाले विज्ञापनों और उत्पादों के बारे में दी गई जानकारी में प्लेटफॉर्मों की भूमिका के अनुरूप जवाबदेही तय हो सकती है।
ग्राहकों को भी खरीदारी से पहले उत्पाद की पूरी जानकारी, विक्रेता का विवरण, वापसी और वारंटी की शर्तें तथा जरूरी प्रमाणपत्र जरूर जांचने चाहिए।
