यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 16, 2018 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
आरएसएस संचालित स्कूल नहीं होंगे बंद: कलकत्ता हाई कोर्ट
कोलकाता हाइकोर्ट ने कहा है कि आरएसएस द्वारा संचालित स्कूलों को बंद नहीं किया जाएगा।

जागरण संवाददाता, कोलकाता। बंगाल के उत्तर दिनाजपुर में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ द्वारा संचालित 10 स्कूलों को बंद करने से जुड़े डिस्ट्रिक्ट इंस्पेक्टर (डीआइ) के नोटिस को कलकत्ता हाई कोर्ट ने खारिज कर दिया है। उल्लेखनीय है कि उत्तर दिनाजपुर के डीआइ ने इलाके में आरएसएस संचालित 10 स्कूलों पर प्राथमिक शिक्षा परिषद से बगैर अनुमति के संचालित करने और सुविधाओं के अभाव का हवाला देते हुए साल 2017 के मार्च माह में स्कूलों को बंद करने से संबद्ध नोटिस जारी किया था।
इस मामले में स्कूल कमेटी के वकील लोकनाथ चट्टोपाध्याय ने बताया कि विधानसभा में शिक्षामंत्री द्वारा इस मामले में सवाल उठाने के बाद ही डीआइ ने उक्त नोटिस भेजा था। कहा कि उक्त स्कूल शारदा सेवा ट्रस्ट के तहत बीते 10 सालों से चल रहे हैं। इन स्कूलों में सुविधाओं की कमी का सवाल ही नहीं है। इन स्कूलों में इलाके के गरीब परिवारों के सैकड़ों बच्चे पढ़ते हैं।
इस बाबत डीआइ के फरमान के खिलाफ 10 स्कूल संयुक्त रूप से 10 अप्रैल, 2017 को हाई कोर्ट पहुंचे। 12 मई को न्यायाधीश आरीजी बंद्योपाध्याय ने डीआइ के नोटिस पर स्थगनादेश जारी कर दिया। इसके बाद यह मामला न्यायाधीश समाप्ति चट्टोपाध्याय के बेंच को स्थानांतरित हो गया। 14 दिसंबर को मामले की सुनवाई के दौरान एडिशनल सोलिसिटर जनरल कौशिक चंद्र ने कहा कि शिक्षा मौलिक अधिकार है।
इसे छीना नहीं जा सकता। मामले की सुनवाई पूरी होने के बाद न्यायाधीश ने आदेश को सुरक्षित रख दिया। शुक्रवार को मामले में फैसला सुनाते हुए कोर्ट ने उत्तर दिनाजपुर के डीआइ के नोटिस को रद करते हुए आरएसएस द्वारा संचालित स्कूलों को चालू रखने का निर्देश दिया। उन्होंने साफ कहा कि आरएसएस द्वारा संचालित स्कूलों को बंद नहीं किया जाएगा। मामले में डीआइ द्वारा जारी इस नोटिस पर कोर्ट ने यह कहते हुए आपत्ति जताई कि स्कूलों को बंद करने का अधिकार डीआइ के पास नहीं है। कहा, राज्य स्तरीय कमेटी के पास इस मामले में नोटिस जारी करने का अधिकार है।
