भोपाल (जेएनएन)। भारी बारिश से राजधानी भोपाल में कई स्थानों पर जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो गई है। ऐसे में लोगों का गुस्सा फूट रहा है। लोगों के आक्रोश के बीच भोपाल के मेयर आलोक शर्मा खुद ही धरने पर बैठ गए हैं। मेयर सेफिया कॉलेज के पास पानी के बीच कुर्सी लगाकर धरने पर बैठे हैं।

आपको बता दें कि भोपाल में पिछले 2-3 दिनों से लगातार तेज बारिश हो रही है। ऐसे में कई इलाकों में पानी भर गया। शहर के बीच से गुजर रहे नदी-नाले उफान पर हैं और उनका पानी सड़कों से होते हुए लोगों के घरों तक पहुंच रहा है। ऐसे में लोग काफी ज्यादा आक्रोशित है। लोगों के गुस्से का शिकार नगर निगम को होना पड़ रहा है, ऐसे में मेयर आलोक शर्मा खुद ही धरने पर बैठ गए हैं। दरअसल भोपाल के सेफिया कॉलेज के पास से गुजर रहे नाले पर पीडब्ल्यूडी का पुल है। इस पुल के कारण नाले का पानी बाधित हो रहा है और पानी सड़कों पर बह रहा है। लोगों के घरों में पानी घुस गया है।

पीडब्ल्यूडी के अधिकारी इस नाले को लेकर कोई कदम नहीं उठा रहे जिससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पीडब्ल्यूडी विभाग के गैर जिम्मेदाराना व्यवहार से नाराज मेयर आलोक शर्मा सेफिया कॉलेज के पास कॉलोनी में भरे पानी में ही कुर्सी लगाकर धरने पर बैठ गए हैं। मेयर का कहना है कि भोपाल के कई इलाकों में हर बार जलभराव की स्थिति है। चूंकि यहां विकास कार्यों के लिए कई एजेंसियां हैं, ऐसे में समन्वय की कमी से ऐसी स्थिति बनती है। लोग हर बार नगर निगम को जिम्मेदार ठहराते हैं। उनके मुताबिक जब तक पीडब्ल्यूडी के अधिकारी इस स्थिति से निपटने के लिए सेफिया कॉलेज नहीं आएंगे तब तक वे धरने से नहीं उठेंगे।

बता दें 2017 में हुई बारिश के बाद मेयर आलोक शर्मा ने शहर में हो रहे जलभराव के चलते आपात बैठक बुलाई थी, जिसमें जल निकासी और सड़क निर्माण को लेकर चर्चा की गई थी, लेकिन साल भर बीत जाने के बाद भी आज भी राजधानी में वही हालात देखने को मिल रहे हैं।

पिछले साल भी यही था हाल

बता दें कि यह पहली बार नहीं है, साल 2017 में हुई बारिश के बाद भी पुराने भोपाल और सेफिया कॉलेज की सड़कों का यही हाल था। निचली बस्तियों में भरे पानी से यहां के लोगों का रहना दुर्भर हो गया था, लेकिन इसके बावजूद यहां की सड़कों का निर्माण और पानी निकासी की समस्याओं का कोई हल नहीं निकला। जहां लोग अपना गुस्सा नगर निगम अधिकारियों पर उतार रहे हैं, तो वहीं नगर निगम इन गलतियों का ठीकरा PWD के माथे मढ़ रहा है।

By Arti Yadav