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जुबीन गर्ग की पहली पुण्यतिथि: सीएम हिमंत बोले- 'जुबीन के जाने से पैदा हुआ खालीपन कभी नहीं भरेगा'

Published: Sun, 20 Sep 2026 02:10 AM (IST)

असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने गायक जुबीन गर्ग की पहली पुण्यतिथि पर कहा कि जुबीन के जाने से ...और पढ़ें

जुबीन के जाने से पैदा हुए खालीपन को कभी दूर नहीं किया जा सकता : हिमंत

जुबीन के जाने से पैदा हुए खालीपन को कभी दूर नहीं किया जा सकता : हिमंत

HighLights

  1. जुबीन के जाने से पैदा हुए खालीपन को कभी दूर नहीं किया जा सकता : हिमंत

  2. असम के मुख्यमंत्री हिमंत ने पहली पुण्यतिथि पर गायक जुबीन गर्ग को याद किया 

  3. पिछले साल 19 सितंबर को समुद्र में तैरते समय रहस्यमय परिस्थितियों में हो गई थी जुबीन की मौत

पीटीआई, गुवाहाटी। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने गायक जुबीन गर्ग की पहली पुण्यतिथि पर कहा कि जुबीन के जाने से पैदा हुए खालीपन को कभी भरा नहीं जा सकता। मुख्यमंत्री हिमंत ने जुबीन की पहली पुण्यतिथि पर शनिवार को रक्तदान किया।

जुबिन पिछले साल ‘नॉर्थ ईस्ट इंडिया फेस्टिवल’ में शामिल होने के लिए सिंगापुर गए थे, जहां 19 सितंबर को समुद्र में तैरते समय रहस्यमय परिस्थितियों में उनकी मौत हो गई थी। उनकी पहली पुण्यतिथि पर गुरुवार से तीन दिवसीय ‘जुबीन दिवस’ का आयोजन किया जा रहा है।

राज्य के विभिन्न हिस्सों से बड़ी संख्या में प्रशंसक कामरकुची स्थित उनके स्मारक स्थल पर पहुंच रहे हैं। जुबीन की पुण्यतिथि उनके गृहनगर जोरहाट के साथ ही राज्य के अन्य शहरों और गांवों में भी मनाई जा रही है।

हिमंत ने इंटरनेट मीडिया पर पोस्ट किया, यकीन नहीं होता कि जुबीन के बिना एक साल बीत गया। कई बार मुझे लगता है कि वह अपने बेमिसाल अंदाज में सामने आ जाएंगे। लेकिन फिर उनके न होने का अहसास फिर गहरा जाता है। शायद दुख यही है- ऐसा खालीपन जिसके साथ हम जीना तो सीख लेते हैं, लेकिन उसे वास्तव में कभी स्वीकार नहीं कर पाते।

हिमंत ने जुबीन का वीडियो भी साझा किया जिसमें वह कह रहे हैं, मैं जुबीन का प्रशंसक हूं। मुझे उनके गीत सुनना पसंद है क्योंकि उनके गीत आम लोगों के लिए हैं। जुबीन असम की धरोहर हैं। उनके गीत लंबे समय तक लोगों को प्रेरित करते रहेंगे। वह हमेशा हमारी यादों में रहेंगे।

भाजपा ने पूरे राज्य में आयोजित किए रक्तदान शिविर
जुबीन की पहली पुण्यतिथि पर भाजपा ने पूरे राज्य में रक्तदान शिविर आयोजित किए। मुख्यमंत्री ने भाजपा मुख्यालय में अपने कैबिनेट सहयोगियों, सांसदों, विधायकों और पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष दिलीप सैकिया के साथ रक्तदान किया।

हिमंत ने पत्रकारों को बताया कि 3,800 पार्टी कार्यकर्ताओं ने रक्तदान के लिए रजिस्ट्रेशन कराया था। रक्तदान उस महान हस्ती को श्रद्धांजलि है, जो आज भी हमें लोगों की मदद करने के लिए प्रेरित करते हैं। रक्तदान से कई लोगों को नई जिंदगी मिलेगी। किसी की मदद करने से बेहतर उस महान हस्ती के लिए और क्या श्रद्धांजलि हो सकती है?