मोदी सरकार - 2.0 के 100 दिन

 नई दिल्ली, प्रेट्र। बालाकोट एयर स्ट्राइक के बाद भारतीय सेना पाकिस्तान के साथ किसी भी तरह के युद्ध के लिए तैयार थी। इतना ही नहीं, वह युद्ध को पाकिस्तान की जमीन पर लड़ने के लिए तैयार थी। सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत ने स्पष्ट रूप से सरकार को यह बता भी दिया था।

समाचार एजेंसी को सेना के शीर्ष सूत्रों ने बताया कि बालाकोट एयर स्ट्राइक के बाद सेना प्रमुख जनरल रावत ने बेहद साफ तौर पर सरकार को बता दिया था कि उनकी सेना पाकिस्तान के किसी भी जमीनी हमले से निपटने और युद्ध को दुश्मन की जमीन पर ले जाने के लिए पूरी तरह से तैयार है।

सूत्रों ने यह भी बताया कि पुलवामा आतंकी हमले के बाद सरकार जब हवाई हमले करने समेत विभिन्न विकल्पों पर विचार कर रही थी तब सेना प्रमुख ने सरकार को अपने बल की तैयारियों के बारे में बताया था।

यह भी पढ़ें : PM मोदी और ट्रंप के बीच आधे घंटे फोन पर हुई बातचीत, पाकिस्तान पर साधा निशाना

सेना प्रमुख ने सेना के रिटायर होने वाले ऑफिसर से एक बंद कमरे में कहा कि बालाकोट एयर स्ट्राइक के बाद सेना पाकिस्तान के साथ किसी भी तरह के युद्ध के लिए तैयार थी। जनरल बिपिन रावत के बयान पर सफाई देते हुए एक सैन्य अधिकारी ने कहा कि सेना प्रमुख के बयान का मतलब यह था कि भारतीय सेना युद्ध को पाकिस्तान के क्षेत्र में ले जाने के लिए पूरी तरह तैयार थी।

उड़ी हमले के बाद सेना को 11 हजार करोड़ रुपये की हथियार खरीदी को मंजूरी
एक शीर्ष सूत्र ने बताया कि सितंबर, 2016 में उड़ी हमले के बाद भारतीय सेना ने करीब 11 हजार करोड़ रुपये की हथियार खरीद को मंजूरी दे दी थी और इसका 95 प्रतिशत हिस्सा प्राप्त भी किया जा चुका है। जरूरी हथियारों की खरीद के लिए सात हजार करोड़ की लागत के 33 कॉन्ट्रैक्ट फाइनल हो चुके हैं जबकि करीब नौ हजार करोड़ रुपये की एक अतिरिक्त खरीद अपनी अडवांस्ड स्टेज पर है।

आपको बता दें कि भारतीय वायुसेना ने 14 फरवरी के पुलवामा आतंकी हमले के जवाब में 26 फरवरी को पाकिस्तान के बालाकोट में घुसकर आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के ट्रेनिंग कैंप को तबाह कर दिया था। इसके बाद पाकिस्तान ने जवाबी कार्रवाई के तौर पर भारतीय ठिकानों को निशाने बनाने की कोशिश की थी, लेकिन भारतीय वायुसेना ने पाक की इस हरकत का माकूल जवाब देते हुए पाकिस्तानी लड़ाकू विमानों को खदेड़ दिया था।

सेना में भ्रष्टाचार से सख्ती से निपटा जाएगा : जनरल रावत
सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत ने सोमवार को सैन्यकर्मियों को चेताते हुए कहा कि सेना में गलत कार्यो और भ्रष्टाचार के मामलों के साथ सख्ती से निपटा जाएगा। शीर्ष सैन्य सूत्रों ने जनरल रावत को यह कहते हुए कोट किया, 'अपनी सेवानिवृत्ति से दो महीने पहले, मैं सरकार से कहूंगा कि वह मेरे खिलाफ यह जांच शुरू कराए कि क्या मैं किसी गलत काम या या भ्रष्टाचार में शामिल रहा हूं।'

सूत्रों के मुताबिक सेना के शीर्ष अधिकारियों के साथ बंद कमरे में हुई बातचीत के दौरान सेना प्रमुख ने यह बात कही। उन्होंने कहा कि हाल के महीनों में भ्रष्टाचार के कई मामले सामने आए हैं और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

जम्‍मू कश्‍मीर से संबंधित खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें 

 

Posted By: Arun Kumar Singh

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप