राज्य ब्यूरो, नई दिल्ली। आम आदमी पार्टी (आप) को करारा झटका लगा है। पार्टी की ऑटो चालक सेल के पूर्व अध्यक्ष संजय चावला ने पार्टी पर गंभीर आरोप लगाते हुए इस्तीफा दे दिया है। माना जा रहा है कि चावला के इस्तीफे से ऑटो चालक पार्टी से दूर जा सकते हैं।

चावला ने कहा कि ‘आप की पोल खोल’ अभियान शुक्रवार से शुरू कर दिया गया है। उन्होंने केजरीवाल पर ऑटो चालकों को धोखा देने का आरोप लगाया है। उधर, पार्टी की ऑटो चालक सेल के अध्यक्ष चंदन सिंह ने कहा है कि चावला झूठ बोल रहे हैं। उनके जाने से पार्टी को कोई फर्क नहीं पड़ेगा।

संजय चावला का कहना है कि जब उनसे पार्टी के प्रवक्ता दिलीप पांडेय ने ऑटो के पीछे पोस्टर लगाने के लिए कहा तो उन्होंने कहा कि ऑटो चालकों के लिए भी पार्टी को कुछ ठोस घोषणाएं करनी चाहिए। चावला का आरोप है कि इस पर दिलीप पांडेय ने जवाब दिया कि ऑटो चालक जितने ज्यादा परेशान होंगे पार्टी को उतना ही ज्यादा फायदा होगा।

चावला के अनुसार, पांडेय ने कहा कि ऑटो चालकों को बेवकूफ बनाओ और राजनीति करो। चावला ने कहा कि वह यह सुनकर हैरान रह गए और पार्टी संयोजक अरविंद केजरीवाल के मोबाइल पर संदेश देकर बात करने की इच्छा जाहिर की, लेकिन केजरीवाल की ओर से कोई जवाब नहीं आया। चावला का आरोप है कि फेल साबित हुए सौरभ भारद्वाज को पार्टी ने इस बार फिर टिकट दिया है।

आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता योगेंद्र यादव ने कहा कि संजय चावला की गतिविधियां संदेहास्पद थीं। ऐसी सूचनाएं मिल रही थीं कि वह भाजपा के लिए काम कर रहे हैं। इसके बाद उनकी जिम्मेदारी कम कर दी गई थी। इससे वह नाराज चल रहे थे।’

ढाई लाख ऑटो का हुआ चालान

चावला ने कहा कि ऑटो चालकों की बुराड़ी में हुई जनसभा में उनसे जो वादे किए गए, उन्हें पूरा नहीं किया गया। उन्होंने कहा कि पिछले साल हुए विधानसभा चुनाव में ऑटो पर पोस्टर लगाने के कारण ढाई लाख ऑटो का चालान हुआ। 6500 परमिट रद कर दिए गए लेकिन पार्टी ने कुछ नहीं किया। जबकि केजरीवाल ने कहा था कि ऑटो चालकों के लिए लीगल सेल बनाई जाएगी और उनके लिए मुफ्त वकील दिए जाएंगे।

चावला ने किया बड़ा खुलासा

संजय चावला ने कहा है कि पार्टी ने केजरीवाल सरकार के 49 दिन के विकास कार्यो के पोस्टर छपवाए थे। मगर किसी कारणवश ये पोस्टर नहीं लगाए जा सके। इन्हें पटेल नगर कार्यालय में कबाड़ी को बेच दिया गया और पैसे की बर्बादी की गई।

उन्होंने खुलासा किया कि ये पोस्टर 14 लाख 75 हजार रुपये में छपवाए गए थे लेकिन इन्हें कबाड़ में 20 हजार रुपये में बेच दिया गया। इन पोस्टरों में केजरीवाल सरकार के 49 दिन की मोदी सरकार के छह माह के कार्यकाल से तुलना की गई थी। उन्होंने आरोप लगाया है कि खाने के टिफिन से लेकर अन्य कई प्रकार के मामलों में पार्टी के पटेल नगर कार्यालय में घपले किए जा रहे हैं।

चावला का कहना है कि अरविंद केजरीवाल अच्छे नेता और अच्छे व्यक्ति हैं, स्वयंसेवक भी बहुत मेहनत से काम कर रहे हैं। मगर कुछ लोग ठीक नही हैं। उधर, आप ने कहा है कि चावला भाजपा की शह पर पार्टी के नेताओं की छवि खराब करने का प्रयास कर रहे हैं। जबकि पार्टी में सब कुछ पारदर्शी है।

पिछले विस चुनाव में किया था जमकर प्रचार

गौरतलब है कि संजय चावला आप के गठन के समय से ही पार्टी से जुड़ गए थे। चावला ऑटो चालकों को पार्टी के पक्ष में लामबंद करते रहे हैं। पिछले विधानसभा चुनाव में ऑटो चालकों के माध्यम से उन्होंने पार्टी के चुनाव प्रचार को गति प्रदान की थी। पूरी दिल्ली में ऑटो के पीछे पोस्टर चस्पा करने का जिम्मा उनके ही कंधों पर था।

पढ़ें - बिजनेस क्लास में सफर कर घिरे केजरीवाल

पढ़ें - भाजपा-आप से नाराज विधायक थाम सकते हैं कांग्रेस का हाथ

Posted By: Jagran News Network

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस