धर्मबीर सिंह मल्हार, तरनतारन :

वीरवार को दोपहर दो बजे कैंपस आफिस में बैठकर विधायक कश्मीर सिंह सोहल शहर के लोगों की जब समस्याएं सुन रहे थे तो वहां पर पर्यावरण प्रेमी गुरमीत सिंह झब्बाल पहुंचे। गुरमीत सिंह झब्बाल ने विधायक को फतेह बुलाया और अपनी जेब से एक पुड़िया निकालकर विधायक की ओर आगे बढ़ाई। विधायक सोहल ने यह पूछते हाथ आगे बढ़ाया कि पुड़िया में क्या खजाना लाए हो। गुरमीत सिंह झब्बाल ने जवाब दिया कि यह खजाना नहीं बल्कि पंजाब के युवाओं की बर्बादी की चाबी (चिट्टे की पुड़िया) है। यह सुनते ही विधायक अवाक रह गए।

16 अगस्त को कस्बा झब्बाल निवासी पर्यावरण प्रेमी गुरमीत सिंह ने गुरुद्वारा बीड़ बाबा बुड्ढा साहिब मोड़ के पास स्थित एक कालोनी से खरीदी थी। इस पुड़िया को वह वीरवार को यह कहते विधायक कश्मीर सिंह सोहल को सौंपी कि इंटरनेट मीडिया पर सारा तमाशा देखने के बावजूद पुलिस प्रशासन कोई कार्रवाई नहीं कर रहा है। विधायक सोहल के समक्ष गुरमीत सिंह झब्बाल ने आरोप लगाया कि उक्त चर्चित कालोनी में शरेआम चिट्टा बिकता है। यह चिट्टा आज ही नहीं बल्कि वर्षो से बेखौफ बिकता है। विधायक सोहल ने चिट्टे की पुडिय़ा लेते कहा कि मामला बहुत गंभीर है। उन्होंने कहा कि पुलिस की नाक के नीचे बिक रहे नशे का मामला मुख्यमंत्री भगवंत मान समक्ष उठाया जाएगा। उन्होंने कहा कि रिवायती पार्टियों ने पंजाब की जवानी को नशे के सिवा कुछ नहीं दिया। अब आप की सरकार नशे पर काबू पाने के लिए दिन रात एक कर रही है।

क्या है मामला पर्यावरण प्रेमी गुरमीत सिंह झब्बाल ने 16 अगस्त को एक नशेड़ी युवक को अपने प्राइवेट पार्ट में नशे का टीका लगाते देखा। जिसके बाद गुरमीत सिंह झब्बाल ने उन नौजवानों को 500 रुपये देकर चर्चित कालोनी में भेजा जो चिट्टे की पुडिय़ा रोजाना खरीदते हैं। 500 रुपये में मिली पुड़िया दो दिन तक संभालकर रखी, फिर भी पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की।

थाना प्रभारी से रिपोर्ट मांगी है : एसपी

एसपी इन्वेस्टीगेशन विशालजीत सिंह ने कहा कि नशे के मामले में पुलिस एक्शन मोड में रहती है। पर्यावरण प्रेमी गुरमीत सिंह झब्बाल ने हेरोइन की यह पुड़िया कैसे खरीदी और किससे खरीदी। इस बाबत थाना प्रभारी से रिपोर्ट मांगी गई है।

नशे खिलाफ मुहिम का जिले में नहीं असर : सोहल

विधायक कश्मीर सिंह सोहल ने कहा कि गठजोड़ की पूर्व सरकार द्वारा लगातार दस वर्ष तक नशे को बढ़ावा दिया गया। जबकि कैप्टन अमरिदर सिंह ने गुटका साहिब हाथ में लेकर 2017 में प्रदेश में सरकार बनाई। परंतु नशे खिलाफ एक्शन नहीं लिया गया। अब भगवंत मान की सरकार नशे खिलाफ काम कर रही है तो तरनतारन जिले में उसका अधिक असर देखने को नहीं मिल रहा। विधायक सोहल ने कहा कि तरनतारन जिले में नशे खिलाफ अभी असर दिखाई नहीं दे रहा। जिसके लिए पुलिस प्रशासन जिम्मेदार है। मुझे पहले भी ऐसी शिकायतें मिली हैं।

Edited By: Jagran