जागरण संवाददाता, धनबाद : धनबाद रेल मंडल का डंका एक बार फिर बज गया है। अप्रैल से जुलाई के 4 महीने के दौरान धनबाद मंडल में 58.78 मिलियन टन लोडिंग के साथ देशभर में नंबर एक का तमगा हासिल कर लिया है। इन 4 महीनों में धनबाद की कमाई 7888.26 करोड़ हुई है। पिछ्ले साल की इसी अवधि की कमाई

6361.35 करोड़ थी जो इस बार 24% बढ़ गई है। धनबाद मंडल के प्रतिद्वंदी बिलासपुर मंडल ने इन 4 महीनों में 54.46 मिलियन टन, खुर्दा रोड डिविजन 50.6 मिलियन टन और चक्रधरपुर मंडल ने 46.31 मिलियन टन लोडिंग की है। धनबाद मंडल को मिली इस बढ़त का श्रेय डीआरएम आशीष बंसल ने कर्मचारियों को दिया है।

उन्होंने कहा कि बेहतर समन्वय की बदौलत धनबाद मंडल ने पहले 4 महीने में नंबर एक का पायदान हासिल कर लिया है। स्वतंत्रता दिवस समारोह को संबोधित कर रहे डीआरएम ने परेड का निरीक्षण कर ध्वजारोहण किया और तिरंगे को सलामी दी। यात्री सुविधाओं के बारे में उन्होंने बताया कि धनबाद स्टेशन के ऊपर तल पर पहुंचने के लिए लिफ्ट सुविधा बहाल कर दी गई है। अन्य कई सुविधाओं का विस्तार किया गया है। एक सितंबर से धनबाद एलेप्पी एक्सप्रेस को एलएचबी कोच से चलाने की बात कही।

2633 रेल कर्मचारियों को मिली पदोन्नति, अन्य 1200 को जल्द

फरवरी से जुलाई तक धनबाद रेल मंडल के 2633 कर्मचारियों को पदोन्नति का लाभ दे दिया गया है। इस रेल मंडल के 1200 कर्मचारियों को जल्द प्रमोशन का लाभ मिलेगा। लोको रनिंग श्रेणी के इन कर्मचारियों के प्रमोशन की सारी प्रक्रियाएं पूरी कर ली गई है। 102 रेल कर्मचारियों के आश्रितों को नियुक्ति दी जा चुकी है। लोको रनिंग श्रेणी में वर्षों से रिमोट लोकेशन में पदस्थापित कर्मचारियों को ऑप्शन के आधार पर पदस्थापन प्रशासन की ओर से दिए गए विकल्प में उनके पसंद की जगह पर बिना किसी अपवाद के किया जा रहा है। अन्य रिमोट लोकेशन में पदस्थापित कर्मचारियों को पाथरडीह, फुसरो और टोरी में पदस्थापित करने के लिए ऑप्शन दिया गया है। उनकी नियुक्ति बिना किसी अपवाद के वरीयता के आधार पर की जा रही है।

Edited By: Atul Singh