जागरण संवाददाता, पिथौरागढ़ : Amrit Sarovar Yojana सात हजार फीट की ऊंचाई पर वन विभाग द्वारा तैयार किया गया अमृत सरोवर  24 दिनों में तैयार हुआ।

सात जुलाई 2022 से अमृत सरोवर के निर्माण का कार्य प्रारंभ हुआ और एक अगस्त को सरोवर का कार्य पूरा किया गया। प्रतिदिन 15 मजदूर  सरोवर निर्माण कार्य में लगाए गए। 24 दिनों तक कुल 345 मजदूरों ने कार्य किया।

ढाई किमी की सीधी चढ़ाई में मजदूरों ने ढोया सीमेंट

थलकेदार में निर्मित अमृत सरोवर के लिए निर्माण सामग्री रोड हैड से ढाई किमी की खडी चढ़ाई पर ढोई गई। वाहन से सामग्री गुरना ने कांट होते हुए बमनथल तक गई। बमनथल से सामग्री को मजदूरों ने  पीठ पर ढोकर कार्यस्थल तक पहुंचाया।

0.08 एकड़ में बना है अमृत सरोवर 

थलकेदार में सात हजार फीट की  ऊंचाई पर तैयार अमृत सरोवर  0.08 एकड़ भूमि पर तैयार किया गया है। अमृत सरोवर की लंबाई 18 मीटर चौड़ाई 13 से 16 मीटर है।  गहराई एक मीटर है। सरोवर की क्षमता 3 लाख 24 हजार लीटर की है।

स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के पौत्र की मौजूदगी में उद्घाटन

15 अगस्त को स्वतंत्रता संग्राम सेनानी कालू सिंह के पौत्र ललित मोहन की मौजूदगी में जिला पंचायत उपाध्यक्ष कोमल मेहता ने सरोवर का उद्घाटन किया। वन क्षेत्राधिकारी दिनेश जोशी ने बताया कि इतनी ऊंचाई पर सरोवर का बनाना एक उपलब्धि है।

केंद्र की कैंपा परियोजना के तहत बना सरोवर 

थलकेदार में तैयार अमृत सरोवर भारत सरकार की कैंपा (क्षतिपूरक पौधारोपण ) परियोजना के तहत बना है। सरोवर की लागत मूल्य 8 लाख 83 हजार है। धनराशि भारत सरकार से आनी शेष है।

इस सरोवर का निकटवर्ती गांव कांटे ग्राम पंचायत का बमनथल गांव पड़ता है। जिला मुख्यालय पिथौरागढ़ से इसकी दूरी लगभग 20 किमी है। यह क्षेत्र पिथौरागढ़ वन प्रभाग के अंतर्गत आता है।

प्रदेश में बन रहे हैं 1271 सरोवर

पर्यावरणीय दृष्टि से संवेदनशील उत्तराखंड ने जल संरक्षण के मद्देनजर मिशन अमृत सरोवर योजना को हाथों हाथ लिया है। राज्य के सभी 13 जिलों के लिए तय 975 के लक्ष्य के सापेक्ष 1271 सरोवर के लिए स्थल चयन किया गया है। इनमें से 545 अमृत सरोवर पर तेजी से कार्य चल रहा है।

यह भी पढ़ें :

पिथौरागढ़ में प्रसिद्ध बिर्थी फाल के किनारे अमृत सरोवर तैयार, पर्यटन को लगेंगे चार चांद

पिथौरागढ़ में सात हजार फिट की ऊंचाई पर कठोर चट्टानों को काटकर बनाया सरोवर

Edited By: Prashant Mishra