पुणे, प्रेट्र। महाराष्ट्र के पुणे जिले में महिलाओं व बच्चों को ले जा रही एक मिनी बस के ड्राइवर को अचानक दौरा पड़ गया, जिसके बाद बस में सवार 42 साल की योगिता साटव ने 10 किमी बस चलाकर ड्राइवर को अस्पताल में भर्ती कराया। घटना सात जनवरी की है, जिसका वीडियो वायरल हो रहा है। एक अधिकारी ने बताया कि योगिता अन्य महिलाओं व बच्चों के साथ शिरूर में एक कृषि पर्यटन स्थल पर पिकनिक मनाने के बाद बस से लौट रही थी। इस दौरान ड्राइवर को दौरा पड़ने लगा और उसे सुनसान जगह पर गाड़ी रोकनी पड़ी। योगिता ने कहा कि मुझे कार चलानी आती है। बच्चों व महिलाओं को घबराया देख मैंने बस चलाने का फैसला लिया। योगिता ने अन्य लोगों को भी उनके घर तक छोड़ा। संकट के समय बिना घबराए सूझबूझ से काम लेने के लिए लोग योगिता की सराहना कर रहे हैं।

गौरतलब है कि हिमाचल की महिला सीमा के हाथों में गजब का हुनर है। उसने इंटरस्टेट रूट पर हिमाचल पथ परिवहन निगम की बस चलानी आरंभ की है। वह पहाड़ की पहली ऐसी महिला है, जिसने शिमला- चंडीगढ़ रूट पर बस चलाकर महिला सशक्‍तीकरण की नई मिसाल कायम की है। पहाड़ की बेटी की इस हिम्मत की चारों ओर सराहना हो रही है। आम तौर पर पुरुषों को ही बस चलाते हुए देखा होगा, लेकिन पहली बार ऐसा हुआ जब सोलन के अर्की की 31 वर्षीय सीमा ने अपने शौक को जुनून में बदल दिया। यह प्रदेश की पहली ऐसी महिला चालक बन गई है, जिसके खाते में नई उपलब्धि हासिल हो गई है। राज्य पथ परिवहन निगम में महिला बस चालक सीमा ठाकुर पहली बार शिमला से चंडीगढ़ बस चलाई। यह बस शिमला से चली। अभी तक सीमा ठाकुर शिमला सोलन के मध्य चलने वाली इलेक्ट्रिकल बस चलाती रही हैं। राज्य पथ परिवहन निगम में बतौर चालक नियुक्ति प्राप्त करने के बाद सीमा शिमला शहर में चलने वाली निगम की टैक्सी सेवा को चलाती थी। उसके उपरांत इसे बस चलाने की अनुमति प्रदान की गई। 

Edited By: Sachin Kumar Mishra