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सत्ता परिवर्तन से वोट चोरी, टाइगर श्रॉफ से लॉरेंस बिश्नोई तक... दशहरा रैली में क्या-क्या बोले उद्धव ठाकरे?

Published: Tue, 20 Oct 2026 11:40 PM (IST)

शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे ने दशहरा रैली में 'सत्ता परिवर्तन' का आह्वान किया, युवाओं के विरोध प्रदर्शनों का समर्थन ...और पढ़ें

दशहरा रैली में बोले उद्धव ठाकरे। (एएनआई)

दशहरा रैली में बोले उद्धव ठाकरे। (एएनआई)

HighLights

  1. उद्धव ठाकरे ने 'सत्ता परिवर्तन' का आह्वान किया, एकजुटता पर जोर।

  2. युवाओं के विरोध प्रदर्शनों को क्रांतिकारी बताया, समर्थन किया।

  3. फडणवीस को लॉरेंस बिश्नोई मामले पर सीधी चुनौती दी।

डिजिटल डेस्क, मुंबई। शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे ने मंगलवार को कहा कि विपक्ष, जिसमें उनकी पार्टी भी शामिल है, 'सत्ता परिवर्तन' के लिए एकजुट हुआ है। उन्होंने केंद्र से भाजपा के नेतृत्व वाली सरकार को हटाने के बाद 'अच्छे दिन' लाने का वादा किया।

शिवाजी पार्क में आयोजित वार्षिक दशहरा रैली को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि युवाओं को विरोध प्रदर्शन करने का पूरा अधिकार है, क्योंकि सभी के साथ, खासकर नए मतदाताओं के साथ 'वोट चोरी' हो रही है।

हम 'सत्ता परिवर्तन' लाने के लिए यहां आए हैं- उद्धव ठाकरे

उद्धव ने कहा कि जो युवा सड़कों पर उतरे हैं, वे नक्सली नहीं हैं, बल्कि क्रांतिकारी हैं जो अपने अधिकार मांग रहे हैं। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा, "हम 'सत्ता परिवर्तन' लाने के लिए यहां आए हैं।" जब कोई सरकार जनहित में काम करना बंद कर दे, तो उसे बदल दिया जाना चाहिए।

उन्होंने राज्य की बिगड़ती कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए अभिनेता टाइगर श्रॉफ पर हुए हमले के बहाने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को घेरा और पूछा कि पुलिस सुरक्षा व्यवस्था में इतनी बड़ी चूक कैसे हुई।

उद्धव ठाकरे ने देवेंद्र फडणवीस को दी चुनौती

उन्होंने गैंग्सटर लॉरेंस बिश्नोई का हवाला देते हुए देवेंद्र फडणवीस को सीधी चुनौती दी कि यदि उनमें वास्तव में साहस है, तो वे साबरमती जेल से बिश्नोई को बाहर खींचकर दिखाएं। उन्होंने सरकार द्वारा राज्य में 'अर्बन नक्सल' के दावों को खारिज करते हुए कहा कि अपराधियों का घुसपैठ दूसरे राज्यों से हो रहा है।

उद्धव ने देश भर में हो रहे युवाओं के विरोध प्रदर्शनों और सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दीपके की खुलकर सराहना की। उन्होंने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन करने वाले युवाओं का समर्थन करते हुए कहा कि अपनी आवाज उठाने वाले ये युवा नक्सली नहीं, बल्कि व्यवस्था के खिलाफ खड़े सच्चे क्रांतिकारी हैं।

(समाचार एजेंसी पीटीआई के इनपुट के साथ)