'स्कूल-कॉलेजों के 50 मीटर दायरे में बैन हो जंक फूड', गांधीनगर में बोले तुकाराम मुंडे
महाराष्ट्र के फूड एंड ड्रग्स कमिश्नर तुकाराम मुंडे ने स्कूलों-कॉलेजों के 50 मीटर के दायरे में जंक फूड की बिक्री पर रोक लगाने की वकालत की।

कर्णावती विश्वविध्यालय में छात्र व छात्राओं से रुबरु हुए तुकाराम मुंडे
HighLights
स्कूल-कॉलेज के 50 मीटर में जंक फूड बिक्री पर रोक लगे।
खाद्य सुरक्षा कानूनों का पालन, मिलावट के प्रति जागरूकता आवश्यक।
राष्ट्रपति मुर्मू की गुटखा-तंबाकू प्रचार से दूरी की अपील समर्थित।
डिजिटल डेस्क, अहमदाबाद। महाराष्ट्र में मिलावटी व खराब खाध्य पदार्थ बेचने वालों के खिलाफ कार्यवाही कर देशभर में चर्चा में आए फूड एंड ड्रग्स कमिश्नर तुकाराम मुंडे ने कहा कि स्कूल कॉलेज के 50 मीटर के दायरे में जंक फूड की बिक्री नहीं होनी चाहिए।
हाल ही राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की नायक व नायिकाओं से गुटखा व तंबाकू के प्रचार से दूर रहने की अपील का तुकाराम मुंडे ने समर्थन करते हुए कहा कि भारत में नियम - कानून हैं इनका पालन जरूरी है।
गांधीनगर स्थित कर्णावती विश्वविध्यालय में छात्र व छात्राओं से रुबरु हुए महाराष्ट्र के चर्चित आईएएस एवं फूड एंड ड्रग्स कमिश्नर तुकाराम मुंडे ने कहा कि मिलावटी, नकली व खराब खाध्य पदार्थ व वस्तुओं को लेकर दुकानदार व ग्राहकों में जागरुकता की कमी है। कानून सबके लिए बराबर हैं तथा भारत में इस विषय को लेकर पर्याप्त नियम व कानून हैं लेकिन इनका पालन नहीं हो पा रहा है।
हाल ही गुजरात यात्रा के दौरान राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा था कि फिल्म नायक व नायिकाओं को गुटखा व तंबाकू के प्रचार प्रसार से दूर रहना चाहिए। आयुक्त मुंडे ने उनका समर्थन करते हुए कहा कि स्वास्थ्य के लिए हानिकारक वस्तुओं का उत्पादन व बिक्री पर पूरी तरह रोक लगाना लोगों के स्वास्थ्य के लिए हितकर है।
मुंडे ने कहा कि एनएफएचएस की एक रिपोर्ट के मुताबिक बच्चों में मोटापे की शिकायत तेजी से बढ रही है, इसके लिए फास्ट फूड व जंक फूड जिम्मेदार है। इनके निर्माण में रसायन का उपयोग होता है साथ ही घटिया तेल व सामग्री के कारण यह स्वास्थ्य के लिए नुकसानदेह होते हैं, स्कूल कॉलेज के 50 मीटर के दायरे में इनकी बिक्री पर रोक जरुरी है।
उन्होंने कहा कि गुजरात में खाध्य सुरक्षा के सख्त नियम हैं और दुकानदार व लोग भी जागरुक हैं इसलिए एक अच्छी व्यवस्था है। मुंडे ने कहा कि देश में खाध्य व दवा के संबंध में दुकानदारों के साथ ग्राहकों में भी जागरुकता की जरुरत है।
गौरतलब है कि महाराष्ट्र खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने राज्य भर में मिलावटी खाने की सामग्रियों, अनसेफ फूड और बैन गुटखा व पान मसाले के खिलाफ अभियान चला रखा है। इनकी ताबड़तोड़ कार्रवाई से पूरे राज्य के होटल संचालकों, डेयरी कारोबारियों और मिलावटखोरों में हडकंप मचा हुआ है।
