मध्य प्रदेश में वन्य जीव प्रबंधन के लिए बनेगी राज्य स्तरीय टास्क फोर्स, CM मोहन यादव ने दी मंजूरी
मध्य प्रदेश में वन्यजीव संरक्षण और प्रबंधन के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राज्य स्तरीय टास्क फोर्स के गठन को मंजूरी दी है।

मध्य प्रदेश में वन्य प्राणी प्रबंधन के लिए बनेगी राज्य स्तरीय टास्क फोर्स (AI फोटो)

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डिजिटल डेस्क, भोपाल। मध्य प्रदेश में चल रहे चीता प्रोजेक्ट जैसी वन्य प्राणी पुनर्वास परियोजनाओं, वन्य जीवों के संरक्षण व प्रबंधन के लिए राज्य सरकार टास्क फोर्स गठित करेगी। वन्य जीवों का संरक्षण केवल जंगलों तक सीमित नहीं है बल्कि इसका सीधा संबंध मानव बस्तियों, पर्यटन, पशुधन और बुनियादी ढांचे से भी है।
ऐसे में परियोजनाओं की देखरेख के लिए वन, पर्यटन, पशुपालन, पंचायत एवं ग्रामीण विकास, जनजातीय कार्य और परिवहन विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को इस राज्य स्तरीय टास्क फोर्स में शामिल किया जाएगा।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इसके गठन के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है।
अब वन विभाग उक्त सभी विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक कर टास्क फोर्स के गठन की प्रक्रिया पूरी करेगा। टास्क फोर्स का कार्य राष्ट्रीय उद्यानों, अभयारण्यों और टाइगर रिजर्व में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करना, अवैध कटाई और वन्य जीव तस्करी के सिंडिकेट को तोड़ना होगा।
टास्क फोर्स अन्य सभी विभागों के साथ जमीनी तालमेल बैठाने, वन्य जीवों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और मानव-वन्य जीव संघर्ष की स्थिति में प्राथमिक रिस्पांस टीम के रूप में कार्य करेगी। वनों के आस-पास के गांवों के मवेशी अकसर जंगल में चरने जाते हैं, ऐसे में वन्य जीवों और पशुओं के बीच बीमारियों के आदान-प्रदान का खतरा बढ़ जाता है।
पशुपालन विभाग मवेशियों का अनिवार्य टीकाकरण करेगा ताकि बीमारियां या वायरस का संक्रमण न फैलें। इसी तरह टास्क फोर्स में शामिल सभी विभाग अपनी-अपनी जिम्मेदारी निभाएंगे।
