राजगढ़, जेएनएन। मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले के जीरापुर नगर में अनुसूचित जाति वर्ग के युवक की बरात पर पथराव करने वाले मुस्लिम युवकों के मकान गुरुवार को पुलिस और प्रशासन ने बुलडोजर से ढहा दिए। साथ ही, छह लोगों के शस्त्र लाइसेंस भी निलंबित कर दिए गए हैं। बीते मंगलवार की देर रात जीरापुर के माताजी मोहल्ला निवासी मदनलाल मालवीय की बेटी की शादी थी। उनके यहां सुसनेर से आई बरात जब मस्जिद के सामने से निकल रही थी, तब कुछ मुस्लिम युवकों ने डीजे (साउंड सिस्टम) बंद करा दिया था। बरात जब माता मंदिर के समीप पहुंची तो युवकों ने पथराव कर दिया, जिसमें पांच बराती घायल हो गए थे।

शस्त्र लाइसेंस निलंबित
सीसीटीवी में कैद हुई घटना के फुटेज के आधार पर पुलिस ने समर लाला, फरहान खान, जुनेद खान, सोहेल खान, साबिर खान, अनस कसाई, डग्गा खान व एक अन्य युवक के खिलाफ मामला दर्ज कर छह आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया था। गुरुवार को पुलिस और प्रशासन ने आरोपितों के अवैध कब्जा कर बनाए गए मकान को बुलडोजर से ढहा दिया। इसके अलावा प्रशासन ने दलिम पुत्र हफीजुल्ला, शाहिद पुत्र लतीफ, शाहिद पुत्र लतीफ, रईस पुत्र लतीफ, सनाउल्ला पुत्र शरीफ उल्लाह, मजीत उल्लाह पुत्र अजितुल्ला के शस्त्र लाइसेंस निलंबित कर दिए हैं।

दूल्हे को घोड़ी चढ़ने से रोकने वाले 29 दबंगों के मकान भी ढहाए

इधर, पीपल्याकला गांव में बीते रविवार को अनुसूचित जाति वर्ग के दूल्हे को घोड़ी पर चढ़ने से रोकने और बरात पर हमला करने वाले दबंगों के 29 मकान भी ढहाए गए। यहां ऊंची जाति के दबंगों ने बरात पर हमला करने के साथ ही पुलिस टीम पर भी पथराव किया था। पुलिस ने 40 ग्रामीणों पर प्रकरण दर्ज किया था।

निर्दोषों के भी मकान तोड़ रहे: दिग्विजय सिंह

मप्र के पूर्व मुख्यमंत्री व कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने ट्वीट कर कहा कि राजगढ़ में अनुसूचित जाति की बरात पर कुछ शरारती तत्वों ने पत्थरबाजी की थी। उनकी मैं निंदा करता हूं। वे लोग गिरफ्तार भी हो गए। लेकिन निर्दोषों के मकान भी तोड़े जा रहे हैं। निर्दोषों को दंड देना उचित नहीं है।

Edited By: Sachin Kumar Mishra